फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jharkhand ›   Ranchi News ›   dhanbad-ranjay-singh-murder-case-two-main-accused-acquitted-after-nine-years

रंजय सिंह हत्याकांड में बड़ा फैसला: नौ साल बाद दोनों मुख्य आरोपी बरी; धनबाद की अदालत ने दिया संदेह का लाभ

Sat, 19 Sep 2026 06:34 PM IST
तरुणेंद्र कुमार चतुर्वेदी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची Published by: तरुणेंद्र कुमार चतुर्वेदी Updated Sat, 19 Sep 2026 06:34 PM IST
सार

धनबाद के चर्चित रंजय सिंह हत्याकांड में जिला एवं सत्र न्यायालय ने दोनों मुख्य आरोपियों नंदकुमार सिंह उर्फ मामा और हर्ष सिंह को बरी कर दिया है। करीब नौ साल चली सुनवाई के बाद अदालत ने दोनों को संदेह का लाभ दिया।

विज्ञापन
dhanbad-ranjay-singh-murder-case-two-main-accused-acquitted-after-nine-years
रंजय सिंह मर्डर केस में कोर्ट का बड़ा फैसला

विस्तार

धनबाद के चर्चित रंजय सिंह उर्फ रवि रंजन सिंह हत्याकांड में जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्गेश चंद्र अवस्थी की अदालत ने दोनों मुख्य आरोपियों को बरी कर दिया है। अदालत ने लगभग नौ वर्ष तक चली लंबी सुनवाई के बाद आरोपी नंदकुमार सिंह उर्फ मामा और हर्ष सिंह को संदेह का लाभ देते हुए बरी करने का फैसला सुनाया।
विज्ञापन


इस बहुचर्चित मामले में सरकारी वकील और अभियोजन पक्ष आरोपियों के खिलाफ लगे गंभीर आरोपों को अदालत में पूरी तरह साबित करने में असफल रहे। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों की कमी का सीधा लाभ दोनों आरोपियों को मिला, जिससे उन्हें इस आपराधिक मामले से बड़ी राहत मिल गई।
विज्ञापन


गवाहों की गवाही और लंबी सुनवाई
इस सनसनीखेज हत्याकांड की न्यायिक सुनवाई अदालत में लगभग नौ वर्षों तक निरंतर चलती रही। इस दौरान सरकारी पक्ष की ओर से आरोपियों का जुर्म साबित करने के लिए कुल 23 गवाहों को अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया गया था। इन सभी गवाहों से बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं ने विस्तृत सवाल-जवाब किए।
विज्ञापन
विज्ञापन


अदालत ने पत्रावली पर मौजूद सभी सबूतों, गवाहों के बयानों और दोनों पक्षों की लंबी बहस का अनुशीलन करने के पश्चात शनिवार को अपना अंतिम फैसला सुनाया। इससे पूर्व अदालत ने निर्णय सुनाने के लिए पांच सितंबर की तिथि तय की थी। हालांकि, उस समय सरकारी वकील सत्येंद्र कुमार राय ने कुछ महत्वपूर्ण कानूनी बिंदुओं पर अतिरिक्त बहस करने के लिए अदालत से समय मांगा था, जिसके कारण निर्णय की तिथि आगे बढ़ा दी गई थी।

सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठे थे
यह बहुचर्चित आपराधिक घटना 29 जनवरी, 2017 की शाम करीब साढ़े पांच बजे घटी थी। बिग बाजार के सामने चाणक्य नगर मोड़ पर बेखौफ अपराधियों ने रंजय सिंह की गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी थी। सरेआम बीच सड़क पर हुई इस सनसनीखेज हत्या की वारदात के बाद पूरे धनबाद में हड़कंप मच गया था और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए थे।


ये भी पढ़ें- झारखंड न्यूज: धनबाद के एसएनएमएमसीएच कॉलेज में पीजी सीटों का हुआ विस्तार, 19 से बढ़कर 44 होंगी सीटें

पूर्व मेयर से जुड़ाव और पुलिस जांच
मृतक रंजय सिंह को धनबाद के पूर्व मेयर संजीव सिंह का अत्यंत करीबी सहयोगी माना जाता था। घटना के बाद पुलिस ने इस जघन्य हत्याकांड की गहन जांच आरंभ की थी। लंबी तफ्तीश के बाद पुलिस ने अपनी जांच रिपोर्ट के आधार पर नंदकुमार सिंह और हर्ष सिंह को इस हत्याकांड में मुख्य आरोपी के रूप में नामजद किया था। हालांकि, वर्षों तक चली जटिल कानूनी प्रक्रिया के बाद अदालत ने साक्ष्यों के अभाव में दोनों आरोपियों को बरी कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed