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टेरर फंडिंग केस: एनआईए ने झारखंड में सात जगहों पर की छापेमारी, हथियार और गोला-बारूद बरामद
Fri, 20 May 2022 09:44 PM IST
Amit Mandal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
Published by: Amit Mandal
Updated Fri, 20 May 2022 09:44 PM IST
सार
तलाशी के दौरान हथियार, गोला-बारूद, 3.66 लाख रुपये नकद, 11 वाहन, आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए गए।
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राष्ट्रीय जांच एजेंसी
- फोटो : ANI
विस्तार
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने झारखंड के चतरा जिले में छह जगहों और रांची में एक जगह पर शुक्रवार को मगध आम्रपाली कोलियरी से जुड़े एक आतंकी-वित्त पोषण मामले में तलाशी ली। एनआईए के एक प्रवक्ता ने कहा कि मामला झारखंड और बिहार में भाकपा (माओवादी) के एक अलग समूह द्वारा आतंकवादी धन जुटाने और धन शोधन से संबंधित है, जो वामपंथी उग्रवाद से प्रभावित दो राज्य हैं। प्रवक्ता ने कहा कि कुछ स्थानीय लोगों ने आम्रपाली-मगध के कोयला क्षेत्र में एक अवैध संचालन समिति का गठन किया था, जो तृतीया प्रस्तुति समिति (टीपीसी) के लिए काम कर रही थी, जिसे झारखंड सरकार ने गैरकानूनी संघ घोषित किया था।
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उन्होंने कहा कि वे टीपीसी नेता गोपाल सिंह भोक्ता, मुकेश गंझू, कोहरामजी, अकरमांजी, अनिश्चय गंझू, भीकन गंझू, दीपू सिंह और बिंदु गंझू के लिए ठेकेदारों, ट्रांसपोर्टरों और कोयला व्यापारियों से अवैध धन जुटा रहे थे। मामला जनवरी 2016 में दर्ज किया गया था। 16 फरवरी, 2018 को एनआईए द्वारा फिर से केस दर्ज किया गया था। तलाशी के दौरान हथियार, गोला-बारूद, 3.66 लाख रुपये नकद, 11 वाहन, आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए गए। एनआईए अधिकारी ने कहा कि मामले में आगे की जांच जारी है।
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