गिरफ्तारी के बाद हिंदू-मुस्लिम जोड़े ने थाने में की खुदकुशी
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दो अलग धर्मों से ताल्लुक़ रखने वाले प्रेमी जोड़े ने रांची के अरगोड़ा थाने में ख़ुदकुशी कर ली, इसके बाद दोनों पक्षों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। हादसे के बाद तीन पुलिसवालों को सस्पेंड कर दिया गया है, विपक्ष के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इस मामले में सरकार से इस्तीफ़े की मांग की है।
उन्होंने विधानसभा में कहा कि यह गंभीर मसला है, कांग्रेस विधायक व पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुखदेव भगत ने भी पुलिस पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। रांची के सिटी एसपी किशोर कौशल ने बताया कि मृत प्रेमी जोड़ा गोड्डा ज़िले के महागामा थाने का निवासी था।
गोड्डा पुलिस ने उन्हें कल रात हरमू से गिरफ़्तार किया, उन्हें अरगोड़ा थाने में रखा गया था। आज सुबह उन्हें कोर्ट मे पेशी के लिए ले जाया जाता, इससे पहले ही दोनों ने ज़हर खाकर ख़ुदकुशी कर ली। उनके पास ज़हर कहां से आया, पुलिस इस सवाल पर मौन है, एसपी का कहना है कि इसकी जांच की जा रही है।
एसएसपी ने माना घटना में चूक, तीन पुलिसकर्मी सस्पेंड
रांची के एसएसपी कुलदीप द्विवेदी ने इस घटना को पुलिस की चूक माना है, उन्होंने बताया कि इसके लिए दोषी पाए गए तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि हम मानवाधिकार आयोग के निर्देशों के मुताबिक़ मामले की जांच कर रहे हैं।
हिरासत मे हुई मौत के लिए एनएचआरसी ने कुछ ख़ास प्रावधान किए हैं, इसके तहत डॉक्टरों की एक टीम इनका पोस्टमार्टम करेगी। इसकी वीडियोग्राफ़ी भी कराई जाएगी।
वहीं, महागामा थाने की अफ़सर इंचार्ज रेणु गुप्ता ने बीबीसी को बताया कि मृतक ज़फ़र आलम और उसकी प्रेमिका पूजा कुमारी का घर भांजपुर गांव में आमने-सामने है।
दोनों का परिवार काफ़ी ग़रीब है, ये लोग 15 जनवरी से लापता थे। लड़की की मां ने इस मामले में लड़के के ख़िलाफ़ नामज़द रिपोर्ट लिखवाई थी। पुलिस को सूचना थी कि दोनों रांची में रह रहे हैं, हेडक्वार्टर से एक टीम उनकी गिरफ़्तारी के लिए रांची भेजी गई थी।