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कोरोना का साया: सावन में श्रद्धालुओं के लिए नहीं खुलेगा बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर, वर्चुअल दर्शन पर पुरोहित समाज का विरोध
Thu, 22 Jul 2021 03:41 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देवघर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देवघर
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Thu, 22 Jul 2021 03:41 PM IST
सार
कोरोना की तीसरी लहर की आहट के बीच श्रावणी मेले में देवघर स्थित बाबा बैद्यनाथ धाम का मंदिर नहीं खोला जाएगा। ऑनलाइन दर्शन कराने की व्यवस्था पर भी पुरोहित समाज ने विरोध शुरू कर दिया है।
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बाबा बैद्यनाथ मंदिर का नहीं खुलेगा दरवाजा
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए झारखंड के देवघर में श्रावणी मेले का आयोजन इस साल भी स्थिगत कर दिया गया है। इस दौरान 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक बाबा बैद्यनाथ धाम मंदिर का दरवाजा नहीं खोला जाएगा। श्रद्धालुओं को बाबा बैद्यनाथ धाम के दर्शन किए बिना ही रहना होगा। हालांकि, जिला प्रशासन द्वारा सुबह और संध्या आरती का ऑनलाइन दर्शन कराने की व्यवस्था की जा रही थी, लेकिन पंडितों के विरोध के बाद इसे स्थगित कर दिया गया।
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देवघर के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने बताया कि बाबा बैद्यनाथ के भक्तों के लिए ऑनलाइन दर्शन की व्यवस्था की जा रही थी। कोरोना वायरस के रोकथाम और श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य सुरक्षा को देखते हए श्रावणी मेला नहीं लगेगा।
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ऑनलाइन दर्शन पर पुरोहित समाज का विरोध
देवघर के उपायुक्त ने कहा कि कोरोना के चलते श्रावणी मेला आयोजित नहीं करने का फैसला लिया गया है। ऐसे में श्रद्धालुओं की आस्था और सुविधा को देखते हुए श्रावण मास में ऑनलाइन वर्चुअल दर्शन की व्यवस्था की जा रही थी, लेकिन स्थानीय पुरोहित समाज द्वारा इसका विरोध किए जाने पर ऑनलाइन पूजा का निर्णय वापस ले लिया गया है।
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दो साल से कांवड़ यात्रा रद्द
कोरोना संक्रमण को लेकर बीते दो साल से कांवड़ यात्रा बंद है। अलग-अलग राज्यों समेत नेपाल और अन्य देशों से कांवड़ यात्री यहां आते थे। करीब 40 से 50 लाख कांवड़ यात्री हर साल यहां पहुंचकर पूजा करते थे, लेकिन कोरोना की तीसरी लहर की आहट को देखते हुए प्रशासन ने कांवड़ यात्रा रद्द करने का फैसला लिया है।