फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jharkhand ›   Ayushman bandh in Jharkhand! : Crores of rupees owed to private hospitals, free treatment under the scheme stopped, poor are troubled

झारखंड में आयुष्मान बंद! : निजी अस्पतालों के करोड़ों रुपये बकाया, रोक दिया योजना के तहत मुफ्त इलाज

Mon, 18 Apr 2022 01:04 PM IST
सुरेंद्र जोशी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची Published by: सुरेंद्र जोशी Updated Mon, 18 Apr 2022 01:04 PM IST
सार

झारखंड के अधिकांश निजी अस्पतालों ने आयुष्मान भारत योजना के तहत इलाज करने से मना कर दिया है। इस वजह से गरीब मरीज परेशान हो रहे हैं।

विज्ञापन
Ayushman bandh in Jharkhand! : Crores of rupees owed to private hospitals, free treatment under the scheme stopped, poor are troubled
आयुष्मान भारत - फोटो : iStock (file photo)

विस्तार

विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना 'आयुष्मान भारत' के तहत झारखंड में निजी अस्पतालों ने गरीबों का मुफ्त इलाज रोक दिया है। उनका कहना है कि योजना के तहत उनके करोड़ों रुपये बकाया हो गए हैं, इसलिए निशुल्क इलाज की सुविधा रोक दी गई है।
विज्ञापन


झारखंड के अधिकांश निजी अस्पतालों ने आयुष्मान भारत योजना के तहत इलाज करने से मना कर दिया है। इस वजह से गरीब मरीज परेशान हो रहे हैं। राज्य के गढ़वा जिले में कुछ लोगों को इलाज के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है। गढ़वा जिला मुख्यालय के परमेश्वरी मेडिकल अस्पताल में गरीबों का इस योजना में मुफ्त इलाज होता रहा है, लेकिन अब पैसा लिया जा रहा है। अस्पताल को आयुष्मान भारत के तहत लोगों के इलाज की राशि सरकार की ओर से नहीं मिल रही है। 
विज्ञापन

आयुष्मान भारत योजना के तहत डायलेसिस कराने वाले एक मरीज ने बताया कि हम जैसे तैसे इस योजना की मदद से इलाज करा रहे थे, लेकिन अब भारी परेशानी हो रही है। हम पैसा कहां से लाएं। सरकार को हमारी सुनना चाहिए। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उधर, निजी अस्पताल के प्रबंधक डॉ. निशांत सिंह व डॉ. परवेश सिंह का कहना है कि हम क्या करें, शासन पर हमारा करोड़ों रुपया बाकी हो गया है। पिछले 13 माह से इलाज कर रहे हैं, जब भी भुगतान की बात आती है तो सरकार की ओर से बहानेबाजी की जाती है। अस्पताल के मालिकों का कहना है कि करोड़ों रुपये की राशि अटकी हुई है। यदि जल्द पैसा नहीं मिला तो हम कोर्ट की शरण लेंगे। 

जल्द भुगतान होगा
इस बीच, गढ़वा के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी प्रवीण सिंह ने कहा कि यह बात सही है कि अस्पतालों को भुगतान नहीं मिला है। जल्द ही उन्हें भुगतान किया जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed