फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jharkhand ›   ace climber Asmita Dorjee has successfully scaled Mt Everest

Jharkhand: जमशेदपुर की अस्मिता ने फतह किया माउंट एवरेस्ट, तीन अप्रैल से शुरू की थी यात्रा

Thu, 25 May 2023 04:30 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची Published by: निर्मल कांत Updated Thu, 25 May 2023 04:30 PM IST
सार

टाटा स्टील एडवेंचर फाउंडेशन (टीएसएएफ) की वरिष्ठ प्रशिक्षक और पर्वतारोही अस्मिता दोरजी ने माउंट एवरेस्ट पर फतह की है। टाटा स्टील ने एक बयान जारी कर बताया कि 39 वर्षीय अस्मिता ने मंगलवार 23 मई को तड़के दुनिया की सबसे ऊंची चोटी फतह की है।

विज्ञापन
ace climber Asmita Dorjee has successfully scaled Mt Everest
अस्मिता दोरजी - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

टाटा स्टील एडवेंचर फाउंडेशन (टीएसएएफ) की वरिष्ठ प्रशिक्षक और पर्वतारोही अस्मिता दोरजी ने माउंट एवरेस्ट पर फतह की है। टाटा स्टील ने एक बयान जारी कर बताया कि 39 वर्षीय अस्मिता ने मंगलवार 23 मई को तड़के दुनिया की सबसे ऊंची चोटी फतह की है।  वह 3 अप्रैल को अपनी यात्रा पर निकली थीं और खुम्बु क्षेत्र के जरिए 8 दिनों की यात्रा के बाद 14 अप्रैल को एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचीं।

विज्ञापन


बयान में कहा गया, 18 मई को अस्मिता ने कठिन खुम्बु आइसफॉल को पार करते हुए और 19 मई को कैंप-2 तक की यात्रा पूरी की। इसमें कहा गया है कि उन्होंने 22 मई को रात 10 बजे अपनी अंतिम शिखर यात्रा शुरू की और 23 मई को सुबह आठ बजकर 20 मिनट (भारतीय समयानुसार) पर सफलतापूर्वक चोटी पर पहुंचीं।
विज्ञापन


दोरजी के साथ उनके शेरपा गाइड लक्फा नुरू भी थे, जो नेपाल के एक बहुत ही अनुभवी शेरपा गाइड हैं। टीएसएएफ के चेयरमैन चाणक्य चौधरी ने कहा, यह अस्मिता और टीएसएएफ की पूरी टीम के लिए एक खास मौका है। हमें अस्मिता पर बहुत गर्व है, जिन्होंने पिछले साल  सप्लीमेंट्री ऑक्सीजन के बिना चोटी पर पहुंचने के अपने प्रयास के दौरान असफल होने के बाद भी हार नहीं मानी। अस्मिता ने पिछले वर्ष भी एवरेस्ट मिशन पर गई थी, लेकिन मात्र सौ मीटर पहले ही वह बेहोश होकर गिर गईं थीं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

 
उन्होंने कहा, अस्मिता की उपलब्धि ने माउंट एवरेस्ट के साथ भारत और टीएसएएफ के इतिहास में एक और गौरवशाली अध्याय जोड़ा है। मुझे भरोसा है कि हम न केवल साहसिक खेलों को बढ़ावा देने के साथ ही अस्मिता जैसे और अधिक चैंपियन तैयार करना जारी रखेंगे, बल्कि इस प्रक्रिया में एक स्वस्थ और दृढ़ राष्ट्र भी बनाएंगे।


एक साल पहले 13 मई, 2022 को अस्मिता ने सप्लीमेंट्री ऑक्सीजन के बिना दुनिया के सबसे ऊंचे पर्वत पर चढ़ने का प्रयास किया था, जो अनुभवी पर्वतारोहियों के बीच भी एक दुर्लभ उपलब्धि थी। उन्होंने 30 सितंबर, 2022 को सप्लीमेंट्री ऑक्सीजन के बिना माउंट मानसलू (8163 मीटर) पर चढ़ाई की और ऐसा करने वाली दूसरी भारतीय महिला बनीं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed