डेटिंग साइटों से युवतियों को झांसे में लेने की कोशिश में जुटा आईएस
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लड़ाकों की कमी से जूझ रहा आतंकी संगठन आईएस अब युवाओं को लुभाने के लिए डेटिंग साइटों का सहारा ले रहा है। खासतौर से महिला जेहादियों की भर्ती करने की कोशिश में जुटा है।
मिरर ऑनलाइन के अनुसार, जॉर्डन के एक इंटेलीजेंस अधिकारी ने दावा किया है कि आईएस अपनी विचारधारा को बढ़ाने व प्रोपेगंडा करने के लिए ऑनलाइन वेबसाइटों का इस्तेमाल कर रहा है ताकि सीरिया और इराक में वह जंग जारी रख सके।
लेकिन रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि ऐसा लगता है कि ज्यादातर डेटिंग वेबसाइटें उन लोगों से सुरक्षित हैं जो महिलाओं को आतंकियों से शादी करने के लिए बरगला रहे हैं।
'अमीर पति और नौकरों वाला घर मिलेगा'
उन्होंने कहा कि पिछले साल के अंत में उन्होंने जार्का शहर के उन परिवारों से मिले थे जिनको आशंका थी कि उनकी बेटियां वेबसाइटों के जरिए खतरनाक लोगों से बात कर रही हैं। इस पर उन्होंने लोगों को सलाह दी कि वह ट्विट्टर और टेलीग्राम का इस्तेमाल बंद कर दें। लेकिन उन परिवारों ने जवाब दिया कि लड़कियां ट्विट्टर नहीं बल्कि डेटिंग साइट के जरिए खतरनाक लोगों से मिल रही हैं।
इसके बाद जांच में पाया गया कि उन साइटों के जरिए महिलाओं से संपर्क करने वाला शख्स आईएस का लड़ाका था जो युवतियों को अमीर लोगों से शादी करने के लिए रक्का आने के लिए आमंत्रित कर रहा था।
लड़ाका कह रहा था कि अगर युवतियां रक्का आकर यहां के लोगों से शादी करेंगी तो उन्हें बड़ा सा घर और नौकर वगैरह सब कुछ मिलेगा।
वहीं अमेरिकी इंटेलीजेंस ने दावा किया है कि इंटरनेट का ज्यादा इस्तेमाल करने के कारण आईएस सोशल मीडिया में खुद को सफलता पूर्वक स्थापित कर रहा है।
कुछ महीनों पहले युसरा हुसेन नाम की युवती आईएस में शामिल होने के लिए घर से भाग गई थी।