{"_id":"5906b5ff4f1c1bd73a441d4f","slug":"zakir-s-aide-confesses-about-getting-rs-149-crore-for-safekeeping","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जाकिर नाइक के सहयोगी ने कबूला, जमा कराए गए 149 करोड़ रुपये","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
जाकिर नाइक के सहयोगी ने कबूला, जमा कराए गए 149 करोड़ रुपये
amarujala.com- Presented by: पवन नाहर
Updated Mon, 01 May 2017 03:17 PM IST
विज्ञापन
प
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इस्लाम प्रचारक जाकिर नाइक के सहयोगी और करीबी आमिर अब्दुल मन्नान गजदार को प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार किया है। गाजदार को नाइक की इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन (आईआरएफ) के मनी लॉन्ड्रिंग के तहत गिरफ्तार किया गया है। गाजदार ने नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) को दिए बयान में कहा कि नाइक ने मैनेजर असलम कुरैशी ने अगस्त से अक्तूबर के बीच उन्हें 149 करोड़ रुपये सुरक्षित रखने के लिए दिए।
यह टाइम वही है जब नाइक अपने भाषणों के लिए सुरक्षा एजेंसियों के निशान पर थे और उनकी पर युवाओं को भड़काने के आरोप लगाए जा रहे थे। बता दें कि नाइक की कपंनी लॉन्गलास्ट कंस्ट्रक्शन प्रा. लि. और हार्मनी मीडिया प्रां. लि. में गाजदार की 5 फीसदी की हिस्सेदारी है। इसके अलावा वो उनकी दो अन्य कंपनियों, अल्फ लुब्रिकेंट्स और मजेस्टिक पर्फ्यूम्स, में 50 फीसदी का हिस्सा रखते हैं। इसके अलावा गाजदार आईआरएफ के ट्रस्टी भी हैं और साथी ही नाइक के यूके आधारित वेंचर युनिवर्सल ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन और लॉर्ड प्रॉडक्शन प्रा. लि. में निदेश भी हैं।
एनआईए को दिए बयान के अनुसार, नाइक छोटी कंपनियों और ट्रस्ट के बड़ा पैसा बनाते थे और उसके इंटरनेट के जरिए भेजा करते थे। गाजदार नाइक के करीबी बने और फिर उन्हें भी उनके और उनकी पत्नी फरहात के नाम पर बड़ी रकम दी जाने लगी। साथ ही नाइक की बहन नियाला ने बताया कि उन्हें 2013-14 से लेकर 2016-17 की बीच 29 करोड़ रुपए का लोन दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह टाइम वही है जब नाइक अपने भाषणों के लिए सुरक्षा एजेंसियों के निशान पर थे और उनकी पर युवाओं को भड़काने के आरोप लगाए जा रहे थे। बता दें कि नाइक की कपंनी लॉन्गलास्ट कंस्ट्रक्शन प्रा. लि. और हार्मनी मीडिया प्रां. लि. में गाजदार की 5 फीसदी की हिस्सेदारी है। इसके अलावा वो उनकी दो अन्य कंपनियों, अल्फ लुब्रिकेंट्स और मजेस्टिक पर्फ्यूम्स, में 50 फीसदी का हिस्सा रखते हैं। इसके अलावा गाजदार आईआरएफ के ट्रस्टी भी हैं और साथी ही नाइक के यूके आधारित वेंचर युनिवर्सल ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन और लॉर्ड प्रॉडक्शन प्रा. लि. में निदेश भी हैं।
विज्ञापन
एनआईए को दिए बयान के अनुसार, नाइक छोटी कंपनियों और ट्रस्ट के बड़ा पैसा बनाते थे और उसके इंटरनेट के जरिए भेजा करते थे। गाजदार नाइक के करीबी बने और फिर उन्हें भी उनके और उनकी पत्नी फरहात के नाम पर बड़ी रकम दी जाने लगी। साथ ही नाइक की बहन नियाला ने बताया कि उन्हें 2013-14 से लेकर 2016-17 की बीच 29 करोड़ रुपए का लोन दिया गया।
विज्ञापन
नाइक के लिए ब्लैंक चेक साइन किए: गाजदार
जाकिर नाइक
- फोटो : DNA
गाजदार ने बताया कि वो 2003 में वो अपने बेटे के स्कूल में दाखिले के सिलसिल में पहली बार नाइक से मिले। इसके बाद दोनों के बीच दोस्ती हो गई। इस दौरान गाजदार ने दो प्रॉपर्टी के लिए कमीशन लेने से इंकार कर दिया। 2005 में नाइक ने उन्हें अपनी मीडिया कंपनी में पार्टनर बनने के लिए कहा, जिसके लिए वो राजी हो गए। कंपनी की फंडिंग दुबई से होती थी।
गाजदार ने कहा कि वो नियमित तौर पर ब्लैंक चेक साइन किया करते थे। इसके अलावा नाइक की कंपनियों का आयकर भी भरा करते थे। नाइक उन्ही के पास अपनी कैश जमा कराया करते थे। इस दौरान उन्होंने 41.5 लाख रुपये का लोन लॉन्गलास्ट और 2.35 करोड़ रुपये का लोन हार्मनी मीडिया को दिया था। साथ ही मार्बल फैक्ट्री लगाने के लिए नाइक के माता-पिता और पत्नी ने उन्हें 8.35 करोड़ रुपये का कर्ज दिया।
हालांकि, गाजदार ने बताया कि यह फैक्ट्री कभी शुरू ही नहीं हुई। नियाला ने भी नियमित रूप से ब्लैंक चेक साइन करने की बात कबूली।
गाजदार ने कहा कि वो नियमित तौर पर ब्लैंक चेक साइन किया करते थे। इसके अलावा नाइक की कंपनियों का आयकर भी भरा करते थे। नाइक उन्ही के पास अपनी कैश जमा कराया करते थे। इस दौरान उन्होंने 41.5 लाख रुपये का लोन लॉन्गलास्ट और 2.35 करोड़ रुपये का लोन हार्मनी मीडिया को दिया था। साथ ही मार्बल फैक्ट्री लगाने के लिए नाइक के माता-पिता और पत्नी ने उन्हें 8.35 करोड़ रुपये का कर्ज दिया।
हालांकि, गाजदार ने बताया कि यह फैक्ट्री कभी शुरू ही नहीं हुई। नियाला ने भी नियमित रूप से ब्लैंक चेक साइन करने की बात कबूली।