बंगाल: ममता का दावा- राज्यपाल के शपथग्रहण में सभी विपक्षी नेताओं को आमंत्रित किया गया था, लेकिन अधिकतर नहीं आए
पश्चिम बंगाल में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल आनंद बोस के शपथ ग्रहण समारोह छोड़कर बाहर चले गए थे। उन्होंने आरोप लगाया था कि टीएमसी सरकार ने उन्हें उन दो विधायकों के बगल में सीट देकर अपमानित किया, जो पिछले साल के विधानसभा चुनावों के बाद भाजपा से सत्ताधारी दल में शामिल हो गए।
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पश्चिम बंगाल में राज्यपाल के शपथग्रहण में विपक्षी नेताओं को नहीं बुलाने के आरोप पर आज मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सफाई दी है। उन्होंने कहा है कि हमने विपक्ष के सभी नेताओं को राज्यपाल के शपथग्रहण के लिए आमंत्रित किया था लेकिन आप सब नहीं आए। वास्तव में, वामपंथी नेता बिमान बोस ने समारोह में भाग लिया, मैं उनका आभारी हूं। बता दें कि यह विवाद तब उत्पन्न हुआ जब बुधवार को पश्चिम बंगाल में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने राज्यपाल आनंद बोस के शपथ ग्रहण समारोह छोड़कर बाहर चले गए थे। उन्होंने आरोप लगाया था कि टीएमसी सरकार ने उन्हें उन दो विधायकों के बगल में सीट देकर अपमानित किया, जो पिछले साल के विधानसभा चुनावों के बाद भाजपा से सत्ताधारी दल में शामिल हो गए।
भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी को दीदी ने चाय पर बुलाया
भाजपा व केंद्र सरकार के प्रति लगातार कड़ा रुख अपनाने वाली सीएम ममता बनर्जी ने विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी को चाय पर बुलाया था। दीदी का न्योता तत्काल स्वीकार करते हुए सुवेंदु अधिकारी विधायक अग्निमित्रा पॉल और मनोज टिग्गा के साथ मिलने पहुंच गए। उनके बीच चाय पर चर्चा हुई। क्या बात हुई, यह अभी पता नहीं चला है। बहरहाल, ममता-सुवेंदु मुलाकात को लेकर अटकलों को बाजार गर्म हो गया। हालांकि, अधिकारी ने इसे सामान्य मुलाकात बताया है।