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देश के विभिन्न हिस्सों से एकत्र किए गए नमूनों में यूके के स्ट्रेन से संबंधित कुछ नहीं : समीरन पांडा
Tue, 22 Dec 2020 10:53 PM IST
मुकेश कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Tue, 22 Dec 2020 10:53 PM IST
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डॉ. समीरन पांडा
- फोटो : ANI
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भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के महामारी विज्ञान और संक्रामक रोग विभाग के निदेशक और वैज्ञानिक डॉ. समीरन पांडा ने मंगलवार को कहा कि हमने देश के विभिन्न हिस्सों से एकत्र किए गए नमूनों का परीक्षण किया है और हमने अपने किसी भी नमूने में अब तक यूके के स्ट्रेन से संबंधित कुछ नहीं पाया है।
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डॉक्टर पांडा ने बताया कि यह एक सतत प्रक्रिया है और वायरस में नया म्यूटेशन पाया जाता है। किसी भी परिवर्तन का पता लगाने के लिए पिछले वायरस के म्यूटेशन के साथ तुलना की जाती है। अब तक, वायरस में केवल छोटे म्यूटेशन देखे गए हैं और यूके के स्ट्रेन का पता नहीं चला है।
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समीरन पांडा ने कहा, पिछले 6-7 महीनों में भारत में 2000 से अधिक नमूनों को शामिल करने वाले वायरल जीनोम का अध्ययन किया गया है लेकिन इस म्यूटेशन का पता नहीं चला है। उन्होंने कहा कि यह सोचना गलत है कि वैक्सीन विकसित करने के प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह कहने के लिए पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि टीका विफल हो रहा है।
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डॉक्टर पांडा ने आगे कहा कि हम सतर्क हैं और इसका पता लगाने के लिए टेस्टिंग बहुत जरूरी है। अगर किसी भी व्यक्ति में ब्रिटेन के नए वायरस जैसे स्ट्रेन दिखते हैं तो उन्हें तुरंत सर्विलांस पर रख कर म्यूटेशन की जांच की जाएगी।
बता दें कि कोरोना के नए स्ट्रेन की पुष्टि अब तक ब्रिटेन समेत पांच देशों में हो चुकी। ब्रिटेन से शुरू हुआ नया स्ट्रेन डेनमार्क, ऑस्ट्रेलिया, नीदरलैंड और इटली पहुंच चुका है।