{"_id":"5ad3268b4f1c1b340a8b49a9","slug":"union-minister-ram-vilas-paswan-says-there-be-a-reservation-in-indian-judiciary","type":"story","status":"publish","title_hn":"केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने की न्यायपालिका में आरक्षण की मांग","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने की न्यायपालिका में आरक्षण की मांग
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Updated Sun, 15 Apr 2018 04:05 PM IST
विज्ञापन
ram vilas paswan
- फोटो : Getty Images
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने कहा कि भारतीय न्यायपालिका में भी आरक्षण होना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब हम इसकी मांग करते हैं तो सुप्रीम कोर्ट कहता है कि यह असंवैधानिक है। उन्होंने कहा कि इसलिए भारतीय न्यायिक सेवा की स्थापना की जानी चाहिए। पासवान ने कहा कि इसके लिए एक प्रतियोगी परीक्षा होनी चाहिए।
लोजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व केन्द्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट एवं हाई कोर्ट में एससी, एसटी और ओबीसी का प्रतिनिधित्व नगण्य है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में एससी व एसटी वर्ग का एक भी जज नहीं है। इसलिए इस तबके का पक्ष सही ढंग से नहीं रखा जाता। इसके चलते न्यायिक सेवा आयोग का गठन एवं न्यायालय में आरक्षण लागू होना चाहिए। वह बाबा साहेब भीम राव आंबेडकर जयंती के मौके पर एक कार्यक्रम में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने एससी- एसटी एक्ट को मजबूत किया है लेकिन आरक्षण के मसले पर राजनीति की जा रही है। जबकि कांग्रेस ने बाबा साहेब आंबेडकर को अपमानित किया। इस दौरान पासवान ने बसपा सुप्रिमो मायावती पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब मायावती ने मुख्यमंत्री थीं तब एससी- एसटी एक्ट को निरस्त कर दिया था और अब दलित प्रेम का दिखावा कर रही हैं। इसके लिए उन्हें देश से माफी मांगनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
लोजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व केन्द्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट एवं हाई कोर्ट में एससी, एसटी और ओबीसी का प्रतिनिधित्व नगण्य है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में एससी व एसटी वर्ग का एक भी जज नहीं है। इसलिए इस तबके का पक्ष सही ढंग से नहीं रखा जाता। इसके चलते न्यायिक सेवा आयोग का गठन एवं न्यायालय में आरक्षण लागू होना चाहिए। वह बाबा साहेब भीम राव आंबेडकर जयंती के मौके पर एक कार्यक्रम में बोल रहे थे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने एससी- एसटी एक्ट को मजबूत किया है लेकिन आरक्षण के मसले पर राजनीति की जा रही है। जबकि कांग्रेस ने बाबा साहेब आंबेडकर को अपमानित किया। इस दौरान पासवान ने बसपा सुप्रिमो मायावती पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब मायावती ने मुख्यमंत्री थीं तब एससी- एसटी एक्ट को निरस्त कर दिया था और अब दलित प्रेम का दिखावा कर रही हैं। इसके लिए उन्हें देश से माफी मांगनी चाहिए।
विज्ञापन