2+2 वार्ता: पोम्पियो बोले, अमेरिका-भारत रणनीतिक समझौता दुनिया के लिए भी जरूरी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो अपनी पत्नी सुसैन पोम्पियो के साथ नई दिल्ली पहुंच गए। वे मंगलवार को यहां तीसरी टू प्लस टू वार्ता करेंगे। दो साल में होने वाली यह तीसरी वार्ता है। अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव और चीन के साथ वास्तविक नियंत्रण रेखा पर तनाव के बीच हो रही इस बैठक को काफी अहम माना जा रहा है। साउथ ब्लॉक में अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उनकी अगवानी की।
अमेरिका-भारत साझेदारी जरूरी
माइक पोम्पियो ने कहा कि भारत- अमेरिका के बीच 2+2 चर्चा से पहले विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर से बातचीत बेहद अच्छी रही। हम इस बात पर सहमत हुए कि अमेरिका-भारत के बीच रणनीतिक साझेदारी न सिर्फ दोनों देशों की सुरक्षा व शांति के लिए जरूरी है बल्कि हिंद महासागर क्षेत्र और दुनिया के लिए भी जरूरी है।
US Secretary of State Pompeo and EAM Jaishankar welcomed third US-India 2+2 Ministerial Dialogue in just over two years as a symbol of the strong partnership between the United States and India: US State Department https://t.co/2SDyVDinhO pic.twitter.com/fbtYD4EMOk
— ANI (@ANI) October 26, 2020
मंगलवार को भारत और अमेरिका के बीच होगा BECA समझौता
भारत और चीन के बीच मंगलवार को होने वाली 2+2 वार्ता होने वाली है। इस दौरान दोनों देशों के बीच बेसिक एक्सचेंज एंड को-ऑपरेशन एग्रीमेंट (BECA) समझौता होगा। अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर और भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बीच हुई बैठक के बाद इस समझौते की घोषणा की गई।
माइक पोम्पियो ने समकक्ष डॉ एस जयशंकर से की मुलाकात
अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने सोमवार को अपने समकक्ष डॉ एस जयशंकर से मुलाकात की। पोम्पियो मंगलवार को होने वाले 2 + 2 मंत्रिस्तरीय संवाद में भाग लेंगे। मुलाकात के बाद विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा कि हमने प्रमुख द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि दोनों देशों ने आपसी संबंधों में प्रगति की भी समीक्षा की। जयशंकर ने कहा कि हमारी विदेश नीति परामर्श और सहयोग का भी विस्तार हुआ है।
दोनों देशों के बीच चर्चा काफी साकारात्मक रहीः राजनाथ सिंह
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने अपने अमेरिकी समकक्ष मार्क एस्पर से मुलाकात के बाद कहा कि दोनों देशों के बीच चर्चा काफी साकारात्मक रही। इस वार्ता का उद्देश्य दोनों देशों के बीच रक्षा संबंधों को और गहरा करना है।
अमेरिकी राजदूत ने किया 'एल्बो बंप'
भारत में अमेरिका के राजदूत केनेथ जस्टर ने चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत और नेवी चीफ एडमिरल करमबीर सिंह से 'एल्बो बंप' के साथ मुलाकात की। बता दें कि कोरोना के मद्देनजर सभी ने हाथ मिलाने से परहेज किया और एल्बो बंप के द्वारा एक-दूसरे का स्वागत किया।
#WATCH: US Ambassador to India, Kenneth Juster, greets Chief of Defence Staff General Bipin Rawat and Navy Chief Admiral Karambir Singh with elbow bumps. pic.twitter.com/CPA2vDjMGh
— ANI (@ANI) October 26, 2020
राजनाथ सिंह ने अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर से की मुलाकात
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्पर से मुलाकात की। इस दौरान चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत, आर्मी चीफ जनरल मनोज मुकुंद नरवणे, एयर चीफ मार्शल आ के एस भदौरिया और नेवी चीफ एडमिरल करमबीर सिंह भी मौजूद थे।
#WATCH Delhi: US Secretary of Defence Mark Esper being accorded Guard of Honour at South Block. He was received by Defence Minister Rajnath Singh
— ANI (@ANI) October 26, 2020
US Secretary of State Mike Pompeo & Defence Secretary Mark Esper are in India to participate in 3rd India-US 2+2 Ministerial Dialogue pic.twitter.com/JWLH0PDi5n
भारत की ओर से इस वार्ता में विदेश मंत्री एस जयशंकर और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शिरकत करेंगे। इसमें हिंद-प्रशांत क्षेत्र में चीन की बढ़ती हिमाकत समेत द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर बातचीत होगी। दोनों अमेरिकी मंत्री जयशंकर और राजनाथ के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। साथ ही दोनों अमेरिकी मंत्री प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात करेंगे।
इस टू प्लस टू वार्ता के साथ पोम्पियो और एस्पर अपने भारतीय समकक्षों के साथ द्विपक्षीय वार्ता भी करेंगे। बता दें कि भारत और अमेरिका के बीच कुछ सालों से रक्षा संबंधों के साथ वैचारिक संबंधों में काफी तेजी आई है। इसलिए दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्रों के बीच रक्षा सेक्टर के स्वास्थ्य सेक्टर में निवेश की बात हो सकती है। पोम्पियो ने ट्वीट कर बताया कि वह भारत का दौरा खत्म करने के बाद पोम्पियो श्रीलंका, मालदीव और इंडोनेशिया की यात्रा भी करेंगे।