Train Firing: कांस्टेबल ने यात्री को बंदूक दिखा पैंट्री कार की ओर चलने को कहा, फिर मारी गोली; अधिकारी का दावा
Train Firing: रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के कांस्टेबल चेतन सिंह ने जयपुर-मुंबई ट्रेन की बी2 बोगी के एक यात्री को बंदूक की नोक पर पैंट्री कार तक चलने के लिए मजबूर किया, जहां उसने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के कांस्टेबल चेतन सिंह ने जयपुर-मुंबई ट्रेन की बी2 बोगी के एक यात्री को बंदूक की नोक पर पैंट्री कार तक चलने के लिए मजबूर किया, जहां उसने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी। जीआरपी के एक अधिकारी ने जांच का हवाला देते हुए मंगलवार को यह जानकारी दी।
अधिकारी ने बताया कि चेतन सिंह (33 वर्षीय) पर सोमवार तड़के मुंबई के बाहरी इलाके पालघर रेलवे स्टेशन के पास चलती ट्रेन में अपने वरिष्ठ आरपीएफ सहयोगी टीका राम मीणा और तीन यात्रियों की अपने स्वचालित हथियार से गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। बाद में उसे पकड़ लिया गया।
उन्होंने कहा, 'आरपीएफ कांस्टेबल चेतन सिंह ने ट्रेन के बी2 कोच में यात्रा कर रहे एक यात्री सैयद एस को बंदूक की नोक पर पैंट्री कार तक चलने के लिए मजबूर किया, जहां उसने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी। पैंट्री कार तक पहुंचने से पहले उन्होंने बी2 और बी1 बोगी को पार किया, जबकि अन्य यात्री देखते रहे।'
जीआरपी कम से कम पांच बोगियों में सवार उन यात्रियों का ब्योरा जुटा रही है, जो चेतन सिंह के स्वचालित हथियार से लैस होने के कारण हुई हत्याओं के गवाह हो सकते हैं। अधिकारी के अनुसार अब तक एक दर्जन यात्रियों के बयान दर्ज किए गए हैं। उन्होंने कहा, 'आरोपी की मेडिकल जांच कराई गई है लेकिन हत्याओं के पीछे उसका मकसद अभी स्पष्ट नहीं है। हम अन्य यात्रियों के बारे में भी जानकारी एकत्र कर रहे हैं।'
उन्होंने बताया कि सोमवार सुबह ट्रेन के मुंबई सेंट्रल के अंतिम गंतव्य पर पहुंचने से पहले कई यात्री बोरीवली स्टेशन पर उतर गए। अधिकारी ने कहा, 'इसे ध्यान में रखते हुए हम ज्यादा से ज्यादा यात्रियों के बयान दर्ज करने की कोशिश करेंगे, खासकर उन लोगों के जो मुख्य गवाह हैं।'
मृतक यात्रियों की पहचान पालघर के नालासोपारा निवासी अब्दुल कादरभाई मोहम्मद हुसैन भानपुरवाला (58 वर्षीय) और बिहार के मधुबनी निवासी असगर अब्बास शेख (48 वर्षीय) के रूप में हुई है। जीआरपी के एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि चेतन सिंह द्वारा मारे गए तीसरे यात्री की पहचान सैयद एस (43 वर्षीय) के रूप में हुई है।
एक अधिकारी ने बताया कि चेतन सिंह ने बी5 बोगी में आरपीएफ के सहायक उपनिरीक्षक मीणा और एक अन्य यात्री तथा एस6 बोगी में एक अन्य यात्री की कथित तौर पर गोली मारकर हत्या कर दी थी। एक अन्य वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जीआरपी जांच के तहत ट्रेन में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालेगी। अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी की घटना की जांच के लिए गठित एक उच्च स्तरीय समिति के सदस्य मुंबई पहुंच गए हैं और उनके संबंधित अधिकारियों से मिलने की उम्मीद है।
एक अधिकारी ने बताया कि रेलवे बोर्ड ने ट्रेन में गोलीबारी की घटना की 'व्यापक जांच' के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन किया है। यहां की एक अदालत ने मंगलवार को आरोपी कांस्टेबल को सात अगस्त तक के लिए राजकीय रेलवे पुलिस की हिरासत में भेज दिया।