सीएम की 'बेटी' को उम्र में दस साल बड़े साइकिल मैकेनिक से हुआ प्यार
एम की गोद ली हुई बेटी प्रत्यूषा के साथ।
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कहते हैं इश्क जात पात और धर्म की दीवारें नहीं देखता वह होता है तो हो जाता है। कुछ ऐसा ही हुआ है तेलंगाना के सीएम की गोद ली हुई बेटी प्रत्यूषा के साथ, जिन्हें उम्र में दस साल बड़े एक साइकिल मैकेनिक से प्यार हो गया है।
अब कोर्ट के आदेश पर सीआईडी की एक टीम प्रेमी युवक की कुंडली खंगाल रही है ताकि ये पता किया जा सके कि उक्त युवक प्रत्यूषा के योग्य है भी या नहीं। कोर्ट के आदेश पर इसलिए क्योंकि सीएम के उसे गोद लेने के बाद हाइकोर्ट ने उसे अपनी निगरानी में ले लिया था।
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के अनुसार हाइकोर्ट के आदेश पर आंध्र प्रदेश की सीआईडी टीम 29 साल के युवक की कुंडली खंगालने में लगी हुई है। हालांकि कोर्ट ने अभी प्रत्यूषा को आगे पढ़ाई करने की सलाह दी है लेकिन वह पढ़ाई नहीं करना चाहती और प्रेमी युवक से शादी करने पर अड़ी है।
बता दें कि तेलंगाना के सीएम के चन्द्रशेखर राव ने बीते साल जुलाई में एक लड़की को उस समय गोद लिया था जब उसकी सौतली मां और पिता उससे लगातार मारपीट करते थे। उस समय सीएम ने सबके सामने ही प्रत्यूषा को गोद लेने और उसकी पढ़ाई का खर्चा उठाने की घोषणा की थी।
इसके बाद उन्होंने अपना वादा निभाते हुए प्रत्यूषा की इच्छा के अनुरूप उसका एडमिशन नर्सिंग कोर्स में करा दिया था। प्रत्यूषा हॉस्टल में रहकर अपनी पढ़ाई कर रही थी। इसी दौरान प्रत्यूषा को एक युवक से प्यार हो गया, उसने इसके बारे में स्टाफ को भी जानकारी दी।
युवती की इच्छा के अनुसार उसे नर्सिंग में दिलवाया गया था एडमिशन
युवक का नाम वेंकट रेड्डी है और वह साइकिल मैकेनिक का काम करता था। लेकिन प्यार की ये दास्तां इतनी भी आसान नहीं थी क्योंकि प्रत्यूषा हाइकोर्ट की निगरानी में थी। पूर्व में प्रत्यूषा के मामले में कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया था और उसकी देखभाल पर कोर्ट की पूरी निगरानी थी।
बता दें हैदराबाद के एलबी नगर की रहने वाली प्रत्यूषा उस समय चर्चा में आ गई थी जब चाइल्ड राइट्स एक्टिविस्ट ने उसे उसके माता पिता के चंगुल से छुड़ाया था। उसकी सौतेली मां श्यामला और सी राजेश कुमार उस पर बहुत अत्याचार करते थे।
उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहां उससे मिलने मुख्यमंत्री के चन्द्रशेखर राव भी पहुंचे थे। वहीं उन्होंने उसे गोद लेने और उसका सारा खर्चा उठाने की घोषणा की थी। अस्पताल से छुट्टी के बाद प्रत्यूषा लंच करने उनके घर भी आई थी।
वहां उन्होंने उससे उसकी मर्जी से शादी कराने का वादा भी किया था। वहीं प्रत्यूषा ने बताया था कि इच्छा जताई थी कि वह नर्सिंग का कोर्स करना चाहती है। उसके बाद सीएम के निर्देश पर उसे बीएससी नर्सिंग में एडमिशन दिलवाया गया था।
वहीं हाइकोर्ट की निगाह भी प्रत्यूषा की देखरेख पर लगी हुई थी, जिसने उसके मामले पर स्वतः संज्ञान लिया था। हाइकोर्ट ने जिला कलेक्टर को प्रत्यूषा का स्थानीय अभिभावक नियुक्त किया था। जबकि तहसीलदार मलकाजगिरी को उसकी देखभाल के लिए नियुकत किया गया।
तेलंगाना सरकार ने भी उसके नाम से एक बैंक अकाउंट खुलवाकर उसमें 6.5 लाख रुपये जमा करा दिए थे। इसी बीच प्रत्यूषा ने उसकी जिम्मेदारी में लगे अधिकारियों से बताया कि वह वेंकट से शादी करना चाहती है और आगे पढ़ाई नहीं करना चाहती।
कोर्ट के आदेश पर सीआई कर रही युवक की पृष्ठभूमि की जांच
वेंकट ने बताया कि वह उससे तब मिला था जब अस्पताल से उसकी छुट्टी हुई थी। उसने बताया कि जब उसने प्रत्यूषा की कहानी सुनी तब ही वह उससे मिलना चाहता था लेकिन अस्पताल में होने के कारण उसे उससे मिलने नहीं दिया गया।
लेकिन छह महीने पहले एमपीएचडब्लू के कोर्स में एडमिशन लेने के बाद उसकी मुलाकात प्रत्यूषा से हुई जिसके बाद वह दोनों एक दूसरे के प्यार में खो गए। अधिकारियों ने बताया कि जब प्रत्यूषा ने उन्हें बताया कि वह किसी से प्यार करती और वह कोर्स छोड़ना चाहती है तब उन्हें मामला संदिग्ध लगा। लेकिन जब उन्होंने जांच पड़ताल की तो प्रत्यूषा ने बताया कि वह युवक से प्यार करती है और उससे शादी करना चाहती है इसके सिवा कुछ नहीं।
उसने बताया वह उससे बहुत प्यार करता है और हमेशा खुश रखेगा। वहीं अधिकारियों ने बताया कि हम यह सुनकर चकित रह गए कि जब काफी लोग इस बात के लिए कितना कुछ कर रहे हैं कि प्रत्यूषा अपना सपना पूर कर सके और एक नर्स बन सके तब वह पढ़ाई छोड़ने की बात कर रही है।
अधिकारियों ने पता किया तो जानकारी मिली कि वेंकट करनूल जिले का रहने वाला है और साइकिल मैकेनिक का काम करता है। इसके बाद अधिकारियों ने इसकी जानकारी तेलंगाना हाइकोर्ट को दी। कोर्ट ने इस संबंध में प्रत्यूषा से अपनी पढ़ाई पूरी करने और उसके बाद शादी करने के लिए कहा, लेकिन वह नहीं मानी।
इसके बाद हाइकोर्ट ने आंध्र प्रदेश सीआईडी को को युवक की पारिवारिक पृष्ठभूमि के बारे में जानकारी करने के लिए कहा। कोर्ट के आदेश के बाद सीआईडी युवक की कुंडली खंगाल रही है।