फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Supreme Court orders Rajasthan government DM-SP of each district to stop rampant illegal sand mining

सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार को अवैध रेत खनन तत्काल रोकने का दिया आदेश

Wed, 19 Feb 2020 02:34 PM IST
देव कश्यप न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: देव कश्यप Updated Wed, 19 Feb 2020 02:34 PM IST
विज्ञापन
Supreme Court orders Rajasthan government DM-SP of each district to stop rampant illegal sand mining
अवैध रेत खनन - फोटो : फाइल फोटो

विज्ञापन

सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान में अवैध और अनियंत्रित तरीके से हो रहे रेत खनन पर कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य सरकार, सभी जिले के कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों को तत्काल प्रभाव से इसे रोकने का निर्देश दिया है।

न्यायालय ने राज्य सरकार से इस संबंध में चार सप्ताह के भीतर जवाब मांगा है। प्रधान न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि अवैध रेत खनन संभवत: पर्यावरण को अपूर्णीय क्षति पहुंचाएगा।

विज्ञापन


न्यायमूर्ति बीआर गवई और न्यायमूर्ति सूर्यकांत भी पीठ का हिस्सा हैं जिन्होंने न्यायालय द्वारा नियुक्त केंद्रीय अधिकार प्राप्त समिति (सीईसी) को अवैध रेत खनन मामले की जांच करने और इससे निपटने के कदम सुझााते हुए एक रिपोर्ट जमा करने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पीठ ने कहा कि सीईसी को रेत कारोबारियों, इसे लाने-ले जाने का काम करने वाले और अन्य लोगों को हो रही समस्याओं पर विचार करने को कहा है। समिति के पास जांच के लिए सरकार के किसी अधिकारी समेत किसी को भी तलब करने का अधिकार होगा।

सुप्रीम कोर्ट राजस्थान में रेत खनन को लेकर डाली गई कई याचिकाओं की सुनवाई कर रहा था। न्यायालय ने 2017 में भी राजस्थान में अवैध रेत खनन रोकने का आदेश दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed