फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rohit Ranjan Petition in SC: Supreme Court Agrees To Hear Of Journalist Rohit Ranjan Petition News in Hindi

Rohit Ranjan: पत्रकार रोहित रंजन की याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार, कल नोएडा पुलिस ने किया था गिरफ्तार 

Wed, 06 Jul 2022 12:46 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्रांजुल श्रीवास्तव Updated Wed, 06 Jul 2022 12:46 PM IST
सार

रोहित रंजन के वकील ने सुप्रीम कोर्ट में बताया, नोएडा पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया था, जिसके बाद उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया। अब छत्तीसगढ़ पुलिस उन्हें गिरफ्तार करना चाहती है। 

विज्ञापन
Rohit Ranjan Petition in SC: Supreme Court Agrees To Hear Of Journalist Rohit Ranjan Petition News in Hindi
सुप्रीम कोर्ट - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कांग्रेस नेता राहुल गांधी के फर्जी वीडियो मामले में घिरे पत्रकार रोहित रंजन की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई के लिए तैयार हो गया है। रोहित को मंगलवार को नोएडा पुलिस ने गिरफ्तार किया था। हालांकि, उन्हें शाम को जमानत पर रिहा कर दिया गया था। रोहित रंजन के वकील सिद्धार्थ लूथरा ने बताया, जमानत मिलने के बाद छत्तीसगढ़ पुलिस उन्हें गिरफ्तार करना चाहती है। इस मामले में उन्होंने तुरंत सुनवाई की मांग की थी। 

विज्ञापन


दोनों राज्यों की पुलिस के बीच हुई थी नोकझोंक
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के बयान को गलत तरीके से पेश करने के मामले में पत्रकार रोहित रंजन के खिलाफ कई राज्यों में एफआईआर दर्ज कराई गई थीं। इसमें एक एफआईआर छत्तीसगढ़ में भी दर्ज थी। इसी मामले में मंगलवार को रोहित को गिरफ्तार करने वहां की पुलिस पहुंची थी। इसकी सूचना मिलते ही गाजियाबाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। छत्तीसगढ़ पुलिस ने रोहित को कार में बिठा लिया और चलने ही वाली थी कि इंदिरापुरम थाने की पुलिस पहुंच गई।
विज्ञापन


दोनों के बीच हुए थे सवाल-जवाब
गाजियाबाद पुलिस ने छत्तीसगढ़ के पुलिसकर्मियों से सवाल किया कि आप लोग कौन हैं? यहां क्यों आए हैं? जवाब मिला, हमारे पास वारंट है और रोहित को गिरफ्तार करने आए हैं। हम छत्तीसगढ़ पुलिस से हैं। गाजियाबाद पुलिस ने एक और सवाल दागा, पुलिसवाले हो तो वर्दी में क्यों नहीं हो और थाने में आमद दर्ज क्यों नहीं कराई? जवाब मिला, आमद दर्ज कराना जरूरी नहीं। फिर भी अब सूचना दे रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


नोएडा पुलिस की एंट्री
रोहित को पहले छत्तीसगढ़ थाना पुलिस ने कार में बिठा लिया। इसके बाद नोएडा पुलिस पहुंची तो उसने अपनी कार में बिठा लिया। छत्तीसगढ़ पुलिस ने इस पर एतराज जताया और रोहित को जबरन कार में बिठाने की कोशिश की। इस पर दोनों में खींचतान हुई। रोहित के समर्थन में लोग भी पहुंच गए। उन्होंने छत्तीसगढ़ पुलिस की कार्रवाई का विरोध किया। इसी दौरान नोएडा पुलिस रोहित को लेकर चली गई। 
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed