फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Sharad pawar talked with Mamata Banerjee, Opposition with TMC in fight against center

शरद पवार ने ममता से की फोन पर बात, केंद्र के साथ लड़ाई में विपक्ष टीएमसी के साथ

Mon, 21 Dec 2020 10:41 PM IST
गौरव पाण्डेय पीटीआई, कोलकाता
पीटीआई, कोलकाता Published by: गौरव पाण्डेय Updated Mon, 21 Dec 2020 10:41 PM IST
विज्ञापन
Sharad pawar talked with Mamata Banerjee, Opposition with TMC in fight against center
ममता बनर्जी - फोटो : पीटीआई (फाइल)

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच बढ़ती लड़ाई के बीच कई अन्य विपक्षी नेताओं के साथ ही एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का भाजपा एवं केंद्र के खिलाफ उनकी लड़ाई में साथ दिया है। तृणमूल कांग्रेस सूत्रों ने सोमवार को कहा कि पार्टी भाजपा विरोधी एक मोर्चा बनाने के अपने प्रयास के तहत कोलकाता में विपक्षी नेताओं की एक बड़ी रैली आयोजित करने पर विचार कर रही है।

विज्ञापन


इस बारे में जानकारी रखने वाले एक वरिष्ठ नेता ने कहा, 'शरद पवार और ममता बनर्जी जब कांग्रेस में थे तभी से उनके बीच बहुत सौहार्दपूर्ण संबंध हैं। टेलीफोन पर एक बातचीज के दौरान, शरद जी ने उन्हें अपना समर्थन जताया। उन्होंने बंगाल आने और तृणमूल कांग्रेस के पक्ष में प्रचार करने की इच्छा भी व्यक्त की है।' एनसीपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता नवाब मलिक ने भी आरोप लगाया कि भाजपा, बंगाल सरकार को अस्थिर करने के लिए केंद्र का उपयोग कर रही है। 
विज्ञापन



कैप्टन अमरिंदर सिंह, अरविंद केजरीवाल, भूपेश बघेल और अशोक गहलोत, क्रमशः पंजाब, दिल्ली, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के मुख्यमंत्रियों ने हाल ही में आरोप लगाया कि प्रतिनियुक्ति पर तीन आईपीएस अधिकारियों को स्थानांतरित करने वाला केंद्र का आदेश पश्चिम बंगाल के प्रशासन के कामकाज में हस्तक्षेप है। उल्लेखनीय है कि पंजाब, छत्तीसगढ़ और राजस्थान जहां कांग्रेस शासित हैं, वहीं दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार है।
विज्ञापन
विज्ञापन


द्रमुक अध्यक्ष एमके स्टालिन ने भी पश्चिम बंगाल के तीन आईपीएस अधिकारियों को भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा 'एकतरफा स्थानांतरण' को निरंकुश और संघीय व्यवस्था के खिलाफ बताया है। तीन आईपीएस अधिकारी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की सुरक्षा के लिए जिम्मेदार थे जिनके काफिले पर कथित तौर पर तृणमूल कार्यकर्ताओं ने बंगाल की उनकी हालिया यात्रा के दौरान हमला किया था। बंगाल में अगले साल अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव होने हैं।


बनर्जी, केंद्र के इस कदम का विरोध कर रही हैं और उन्होंने रविवार इस मुद्दे पर राज्य के साथ एकजुटता के लिए इन विपक्षी नेताओं का आभार व्यक्त किया। तृणमूल कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि पार्टी विधानसभा चुनावों से पहले भाजपा विरोधी एक रैली आयोजित करने की योजना बना रही है। अभी कुछ भी तय नहीं किया गया है। हम सोच रहे हैं कि क्या इस तरह की रैली आयोजित की जा सकती है। हमें कोविड-19 की स्थिति को भी ध्यान में रखना होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed