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मेनका ने कहा, एकल केंद्रीय प्रतिष्ठान बनाकर रोकी जा सकती हैं आश्रय गृहों में होने वाली घटनाएं
भाषा, नई दिल्ली
Updated Mon, 06 Aug 2018 07:08 PM IST
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मेनका गांधी
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बिहार के मुजफ्फरपुर में बालिका आश्रय गृह और उत्तर प्रदेश के देवरिया में नारी निकेतन में लड़कियों के कथित यौन शोषण जैसी घटनाओं के मद्देनजर महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने सोमवार को राज्यों से कहा कि वे गैर सरकारी संगठनों की ओर से किए जाने वाले ‘‘उल्लंघन तथा दुरुपयोग’’ को रोकने की कोशिश के तहत इस तरह के बच्चों को रखने के लिए एक बड़ा एकल केंद्रीय प्रतिष्ठान बनाएं।
उन्होंने कहा कि किसी केंद्रीय प्रतिष्ठान में गोद लेना और कौशल विकास कार्यक्रम काफी आसान होंगे और इस कदम से सरकारी अनुदान पर अपने खुद के आश्रय गृह चलाने वाले गैर सरकारी संगठनों (एनजीओ) द्वारा किए जाने वाले ‘‘उल्लंघन तथा दुरुपयोग’’ पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
मेनका ने कहा, ‘‘मैं एक ऐसी योजना के लिए कहती रही हूं जिसमें इस तरह की लड़कियों और बच्चों को रखने के लिए हर राज्य के पास एक बड़ा एकल केंद्रीय प्रतिष्ठान हो जिसका संचालन राज्य सरकार द्वारा किया जाए।’’
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मंत्री ने कहा कि राज्य में अन्य आश्रय गृह महिलाओं, लड़कियों तथा बच्चों को संकट की स्थितियों में केवल अस्थाई आश्रय उपलब्ध कराएं और वह भी बाल कल्याण समिति की मंजूरी के बाद।
मेनका गांधी का यह सुझाव मुजफ्फरपुर में बालिका आश्रय गृह और देवरिया के नारी निकेतन में बच्चियों तथा नाबालिग लड़कियों के कथित यौन शोषण की घटनाएं सामने आने के बाद आया है।
मेनका ने यह भी कहा कि राज्यों में एकल केंद्रीय प्रतिष्ठानों के निर्माण में वित्तीय मदद कर तथा फिर इन्हें राज्य सरकार को सौंपने में महिला एवं बाल विकास मंत्रालय को खुशी होगी।
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उन्होंने कहा कि किसी केंद्रीय प्रतिष्ठान में गोद लेना और कौशल विकास कार्यक्रम काफी आसान होंगे और इस कदम से सरकारी अनुदान पर अपने खुद के आश्रय गृह चलाने वाले गैर सरकारी संगठनों (एनजीओ) द्वारा किए जाने वाले ‘‘उल्लंघन तथा दुरुपयोग’’ पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
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मेनका ने कहा, ‘‘मैं एक ऐसी योजना के लिए कहती रही हूं जिसमें इस तरह की लड़कियों और बच्चों को रखने के लिए हर राज्य के पास एक बड़ा एकल केंद्रीय प्रतिष्ठान हो जिसका संचालन राज्य सरकार द्वारा किया जाए।’’
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मंत्री ने कहा कि राज्य में अन्य आश्रय गृह महिलाओं, लड़कियों तथा बच्चों को संकट की स्थितियों में केवल अस्थाई आश्रय उपलब्ध कराएं और वह भी बाल कल्याण समिति की मंजूरी के बाद।
मेनका गांधी का यह सुझाव मुजफ्फरपुर में बालिका आश्रय गृह और देवरिया के नारी निकेतन में बच्चियों तथा नाबालिग लड़कियों के कथित यौन शोषण की घटनाएं सामने आने के बाद आया है।
मेनका ने यह भी कहा कि राज्यों में एकल केंद्रीय प्रतिष्ठानों के निर्माण में वित्तीय मदद कर तथा फिर इन्हें राज्य सरकार को सौंपने में महिला एवं बाल विकास मंत्रालय को खुशी होगी।