फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Sabarimala Temple: Petition in High Court against Travancore Devaswom Board notification

 सबरीमाला मंदिर: त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड की अधिसूचना के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका 

Sun, 18 Jul 2021 02:03 AM IST
Kuldeep Singh एजेंसी, कोच्चि
एजेंसी, कोच्चि Published by: Kuldeep Singh Updated Sun, 18 Jul 2021 02:03 AM IST
सार

त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड की अधिसूचना में  कहा गया है कि सबरीमाला मंदिर में मुख्य पुजारी पद के लिए केवल मलयाली ब्राह्मण ही आवेदन कर सकते हैं। याचिकाकर्ता की तरफ से कहा गया है कि वे त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड के जारी अधिसूचना से वह दुखी है।
 

विज्ञापन
Sabarimala Temple: Petition in High Court against Travancore Devaswom Board notification
Sabarimala temple

विस्तार

सबरीमाला मंदिर से जुड़ा त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड एक बार फिर विवादों में है। इस बार उसकी ओर से जारी अधिसूचना का विरोध करते हुए केरल हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की गई है।

विज्ञापन


सबरीमाला मंदिर में मुख्य पुजारी पद पर आवेदन मामला 
त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड की अधिसूचना में  कहा गया है कि सबरीमाला मंदिर में मुख्य पुजारी पद के लिए केवल मलयाली ब्राह्मण ही आवेदन कर सकते हैं। याचिकाकर्ता की तरफ से कहा गया है कि वे त्रावणकोर देवस्वम बोर्ड के जारी अधिसूचना से वह दुखी है।
विज्ञापन


इसके जरिए एक खास जाति के पुजारियों को ही सबरीमाला और मलिकप्पुरम मंदिरों में मेलसंथी के पद के लिए आवेदन करने को कहा गया है। अधिसूचना में कहा गया था कि सबरीमाला और मलिकप्पुरम में केवल ‘मलयाली ब्राह्मण’ ही प्रधान पुजारी के पद पर आवेदन करने के हकदार हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


याचिका सिजिथ टीएल और विजीश पीआर ने अधिवक्ता टीआर राजेश के माध्यम से दायर की है। याचिका में कहा गया है कि अधिसूचना में केवल केरल मूल के मलयाली ब्राह्मण ही सबरीमाला और मलिकप्पुरम मंदिरों में मेलसंथी के रूप में नियुक्त होने के लिए आवेदन करने के हकदार हैं, इस तरह की अधिसूचना भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 15 और 16 के तहत प्रदत्त मूल अधिकारों का उल्लंघन है।

बता दें कि केरल के सबरीमाला में भगवान अयप्पा मंदिर पांच दिन के पारंपरिक मासिक पूजन के लिए आज से 21 जुलाई के बीच खुला रहेगा। अधिकतम 5000 भक्तों को कोविड -19 वैक्सीन की दोनों खुराक या फिर आरटीपीसीआर टेस्ट के साथ ही मंदिर में प्रवेश की अनुमति है। ये टेस्ट मंदिर में प्रवेश से 48 घंटे पहले होने चाहिए।  मंदिर में प्रवेश करने के लिए ऑनलाइन बुकिंग करानी होगी। 


श्रद्धालुओं को वैक्सीन सर्टिफिकेट या निगेटिव आरटीपीसीआर टेस्ट रिपोर्ट के साथ ऑनलाइन बुकिंग करने की सुविधा मिलेगी। केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने कहा कि सबरीमाला मंदिर में प्रवेश उन लोगों के लिए होगा, जिन्हें या तो वैक्सीन की दोनों खुराक मिली हैं या जिनकी आरटीपीसीआर टेस्ट निगेटिव है।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed