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रूफटॉप सोलर: गुजरात सबसे आगे; देश में 13,462 मेगावाट पहुंची क्षमता; इस सूची में यूपी के कितने जिले?

Fri, 10 Jul 2026 07:57 AM IST
Rahul Sampal राहुल संपाल
Updated Fri, 10 Jul 2026 07:57 AM IST
सार

देश में बढ़ते बिजली बिल से राहत पाने के लिए लोग तेजी से रूफटॉप सोलर अपना रहे हैं। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत अब तक 36.47 लाख से अधिक घरों में सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं और सरकार 25,995 करोड़ रुपये से ज्यादा की सब्सिडी जारी कर चुकी है। गुजरात सबसे आगे है।

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Rooftop Solar: Gujarat leads way; national capacity reaches 13,462 MW; how many UP districts are in list?
रूफटॉप सोलर - देश में 13,462 मेगावाट पहुंची क्षमता - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

देशभर में लोग बढ़ते बिजली बिल से राहत पाने के लिए तेजी से अपनी छतों पर सोलर सिस्टम लगवा रहे हैं। इससे लोगों का बिजली का बिल भी कम हो रहा है। वहीं केंद्र सरकार की सब्सिडी का भी फायदा भी उन्हें मिल रहा है। यही वजह है कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत रूफटॉप सोलर लगाने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
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शीर्ष पांच में देश के ये राज्य शामिल
देश में रूफटॉप सोलर लगाने के मामले में गुजरात सबसे आगे है। दूसरे स्थान पर महाराष्ट्र, तीसरे पर उत्तर प्रदेश और चौथे स्थान पर केरल है। पांचवें स्थान पर राजस्थान है। गुजरात में सबसे आगे अहमदाबाद, सूरत, वडोदरा, राजकोट और जूनागढ़ हैं। महाराष्ट्र में पुणे, नागपुर, ठाणे, नासिक और जलगांव है। उत्तर प्रदेश में लखनऊ, वाराणसी, कानपुर, बरेली और आगरा है। केरल में एर्नाकुलम, त्रिशूर, तिरुवनंतपुरम, कोल्लम और अलाप्पुझा है।
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देश में 13,462 मेगावाट पहुंची क्षमता
आंकड़ों के अनुसार, देश में रूफटॉप सोलर की कुल क्षमता बढ़कर 13,462.2 मेगावाट पहुंच गई है। इसके लिए सरकार अब तक 25,995.21 करोड़ रुपये की सब्सिडी जारी कर चुकी है। राज्यों की बात करें तो गुजरात सबसे आगे है, जहां क्षमता 2,748.44 मेगावाट पहुंच गई है। इसके बाद महाराष्ट्र में 2,419.03 मेगावाट, उत्तर प्रदेश में 2,198.26 मेगावाट क्षमता दर्ज की गई है।

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धूल जमने से बिजली उत्पादन में आ सकती है 30 फीसदी तक की गिरावट
29 जून तक के आंकड़ों के अनुसार, योजना के तहत देश में अब तक 36.47 लाख से अधिक घरों की छतों पर रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं। इस योजना का लाभ 44.32 लाख परिवार उठा रहे हैं। एक अध्ययन के मुताबिक, सोलर पैनलों की नियमित सफाई जरूरी है। पैनल पर धूल और गंदगी जमा होने से बिजली उत्पादन में 5 से 30 फीसदी तक कमी आ सकती है। साथ ही, पैनल खराब होने का खतरा भी बढ़ जाता है। पैनल की सफाई के लिए सुबह जल्दी या शाम का समय सबसे बेहतर माना जाता है। तेज धूप में गर्म कांच पर ठंडा पानी डालने से पैनल टूटने की आशंका रहती है। सफाई से पहले सोलर सिस्टम को बंद कर करीब 30 मिनट इंतजार करने की सलाह दी जाती है।
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