प्रवासी मजदूरों पर बोलीं प्रियंका- घर लौटने वाले को हम दोषी नहीं ठहरा सकते
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव और उत्तर प्रदेश कांग्रेस की प्रभारी प्रियंका गांधी ने वीडियो संदेश में प्रवासी मजदूरों के लिए भावुक अपील की है। प्रियंका गांधी ने वीडियो में कहा है कि कई दिनों से जो यूपी के प्रवासी मजदूर अलग-अलग प्रदेशों में फंसे हुए हैं, उनसे मैं बात कर रही हूं।
प्रियंका ने कहा, 'मैंने राजस्थान दिल्ली, सूरत, इंदौर भोपाल, मुंबई और अन्य प्रदेशों में फंसे हुए लोगों से बात की। मजदूरी करने के लिए ये अलग-अलग शहरों में गए। लॉकडाउन हुआ, मजदूरी बंद हो गई, इसके बाद उनके घर का राशन भी खत्म हो गया। अब छह-छह, आठ-आठ लोग एक ही कमरे में बंद हैं। राशन मिल नहीं रहा है, वो बहुत ही घबराए हुए हैं और किसी भी तरह से अपने गांव घर जाना चाहते हैं। अगर वो अपने घर लौटना चाहते हैं, तो हम उन्हें दोषी नहीं ठहरा सकते हैं।'
उन्होंने कहा कि हमें इनकी समस्या का हल खोजने की कोशिश करनी चाहिए। यह सबकी जिम्मेदारी है, मेरी है, आपकी है और हर सरकार की है। यूपी के हर एक मजदूर की जिम्मेदारी चाहे वे कहीं भी हो, किसी भी प्रदेश में हो, किसी भी देश में हो, वह यूपी सरकार की जिम्मेदारी है। हम उनको इस तरह से नहीं छोड़ सकते।
प्रियंका ने कहा कि मैं यूपी सरकार को बधाई देना चाहती हूं कि कोटा से आप छात्रों को घर ले आए, लेकिन ये मजदूर भी तो आपके ही हैं, ये भी हमारे हैं। उनके भी परिवार के लोग परेशान हैं। उनके पास खाने के लिए कुछ नहीं है और हम उन्हें घर नहीं ला पा रहे हैं। प्रियंका गांधी ने वीडियो संदेश में कहा कि मैं आग्रह करना चाहती हूं कि एक हेल्पलाइन जारी किया जाए ताकि ये अपनी समस्याओं को बता पाएं और दूसरी सरकारों से इन्हें मदद मिल पाए।