फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Ravi Shankar and Jaitley have the future of law secretary Chandra

रविशंकर और जेटली की कृपा पर है कानून सचिव चंद्रा का भविष्य

Wed, 28 Nov 2018 09:07 AM IST
शशिधर पाठक, अमर उजाला, नई दिल्ली
शशिधर पाठक, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 28 Nov 2018 09:07 AM IST
विज्ञापन
Ravi Shankar and Jaitley have the future of law secretary Chandra
अरुण जेटली

कानूनी मामलों के सचिव सुरेश चंद्रा कभी वित्तमंत्री अरुण जेटली के निजी सचिव हुआ करते थे। मंत्रालय सूत्रों के अनुसार जब जेटली बीमार(किडनी ट्रांसप्लांट करा रहे) थे तो चंद्रा ने उनके कुशलक्षेम और शीघ्र स्वस्थ होने के लिए बाकायदा पूजा पाठ कराया था। कानून मंत्रालय के सूत्र बताते हैं कि जेटली की कृपा पर ही सुरेश चंद्रा को कानून मंत्रालय में सचिव का पदभार मिला था। अब वह 30 नवंबर को रिटायर हो रहे हैं। चंद्रा की इच्छा है कि उन्हें सेवा विस्तार मिल जाए। कानून मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने उन्हें सेवा विस्तार देने के लिए अनुमोदन कर दिया है। फाइल कैबिनेट सेक्रेटरी के पास है। मामला जेटली की सिफारिश और पीएमओ की कृपा पर टिका है।

विज्ञापन


सीबीआई प्रकरण में है नाम, फोन हुआ टैप

सुरेश चंद्रा सरकार के केन्द्रीय मंत्रियों के वफादार अफसर हैं, लेकिन इनकी फाइल आगे बढ़ पाने में एक गतिरोध भी है। चंद्रा का नाम सीबीआई के निदेशक आलोक वर्मा और स्पेशल डायरेक्टर राकेश अस्थाना के विवाद में चर्चा में आया है। मीट कारोबारी मोइन कुरैशी के मामले में बिचौलियागिरी करने वाले सतीश बाबू सना को हस्तक्षेप करके वह बचाने का प्रयास करने वाले बताए जा रहे हैं। बताते हैं कानूनी मामलों के सचिव की बाकायदा फोन पर बातचीत टैप हुई। सुरेश चंद्रा आंध्रा कॉडर की आईएएस आफिसर रेखा रानी से फोन पर बातचीत करते हुए दर्ज हुए हैं। इसमें वह रेखा रानी को बता रहे हैं कि कैसे सतीश बाबू सना महत्वपूर्ण हैं और उन्हें बचाया जाना चाहिए। सुरेश चंद्रा की यह बातचीत लंदन से 13 नवंबर को हुई है और इसे आलोक वर्मा, राकेश अस्थाना के बीच छिड़ी सीबीआई की जंग में अहम कड़ी माना जा रहा है। 
विज्ञापन


यह पूरा मामला अभी उच्चतम न्यायालय के अधीन है। सीबीआई के डीआईजी एमके सिन्हा ने उच्चतम न्यायालय में दाखिल अपने हलफनामे में बाकायदा इसका जिक्र किया है। हालांकि इस प्रकरण में सुरेश चंद्रा ने अपनी सफाई भी दी है। चंद्रा ने सफाई में कहा कि वह जीवन में केवल एक बार लंदन गए हैं।  वह लंदन 06-10 जुलाई 2018 को लंदन गए थे। नवंबर 2018 में वह लंदन में थे ही नहीं। लेकिन सूत्र बताते हैं कि मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रधानमंत्री कार्यालय और कैबिनेट सचिवालय सभी पहुलओं पर गौर कर रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मामला तो गंभीर है

कानून मंत्रालय के एक पूर्व सचिव भी गंभीर मामला मान रहे हैं। उनका कहना है कि कोयला घोटाले में तत्कालीन कानून मंत्री अश्विनी कुमार ने हस्तक्षेप किया था तो उन्हें अपनी कुर्सी गंवानी पड़ी थी। यहां भी मामला कुछ वैसा प्रतीत हो रहा है। यदि कानूनी मामलों के सचिव ने फोनपर सतीश बाबू सना को बचाने के लिए हस्तक्षेप किया है तो यह गंभीर मामला है। सीबीआई के एक वरिष्ठ अफसर का कहना है कि आने वाले समय में मामले की जांच आगे बढ़ी तो सतीश चंद्रा से भी पूछताछ की आवश्यकता पड़ सकती है। हालांकि वह सचिव स्तर के अधिकारी हैं, इसलिए इसके लिए एजेंसी को सरकार से अनुमति लेने की भी जरूरत पड़ेगी।


क्या सुरेश चंद्रा को मिलेगा सेवा विस्तार?

अभी सबकुछ अधर में है। प्रधानमंत्री कार्यालय और कैबिनेट सचिवालय में विचार के स्तर पर है। कानून मंत्रालय के सूत्र बताते हैं कि कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने अपनी तरफ चंद्रा को सेवा विस्तार देने की सिफारिश कर दी है। एक एडिशनल सेक्रेटरी स्तर के अधिकारी के मुताबिक वित्त मंत्री जेटली के कहने पर चंद्रा को सेवा विस्तार की सिफारिश हुई है। समझा जा रहा है सेवा विस्तार मिलने का निर्णय बृहस्पतिवार तक आ जाएगा। कानून मंत्रालय के अफसरों की निगाहें भी इस नये डेवलपमेंट पर लगी हैं। कुछ अफसर मंगलवार 27 नवंबर को भी चंद्रा से मिलकर उनके हाव-भाव से सेवा विस्तार का आंकलन करने में लगे थे, लेकिन देर शाम तक उनके हाथ कोई सफलता नहीं लग पाई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed