शाह पर कांग्रेस का पलटवार, पूछा- क्या खरीद-फरोख्त, चूक, संस्थानों पर कब्जा ही विरासत है
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कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक में मंगलवार को पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी अपनी ही पार्टी के एक नेता पर भड़क गए। इसे लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस पर निशाना साधा। अब इसपर कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने पलटवार किया है। उन्होंने पूछा है कि आखिर क्यों, खरीद-फरोख्त, बड़े पैमाने पर चूक और संस्थाओं पर कब्जा करना एकमात्र विरासत है।
सुरजेवाला ने अपने ट्विटर पर लिखा, ‘भारत की सत्ताधारी पार्टी होने के नाते भाजपा को इसका जवाब देना चाहिए। उसके शासन को केवल दो लोगों की सरकार के तौर पर क्यों वर्णित किया जाता है और बाकियों को दरकिनार क्यों किया गया? क्या खरीद-फरोख्त, संस्थानों पर कब्जा और बड़े पैमाने पर चूक ही आपकी विरासत है? उनसे भी सवाल होना चाहिए, जिन्होंने अपने गुरू और साथी को जबरन सेवामुक्त और अपमानित करके पदों पर कब्जा कर लिया।’
As India’s ruling party, BJP needs to answer:
— Randeep Singh Surjewala (@rssurjewala) June 25, 2020
Why is its majoritarian rule described as Govt of 2 people only & all others as mere side kicks?
Why is horse trading, mass defections & institution capture its only legacy?
Why is it obsessed in its vile hatred of Nehru-Gandhi’s? https://t.co/wGO9gMegj4
सुरजेवाला ने आगे कहा, ‘नेहरू-गांधी के प्रति आपकी इतनी घृणा क्यों है? एलके आडवाणी, एमएम जोशी, केशुभाई पटेल, कलराज मिश्र, सुषमा स्वराज, हरेन पंड्या, संजय जोशी... यह लिस्ट बहुत लंबी है।’
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बता दें कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आपातकाल के बहाने गांधी परिवार को निशाने पर लिया और कहा कि कांग्रेस में नेता घुटन महसूस करते हैं। शाह ने राहुल पर निशाना साधते हुए ट्विटर पर लिखा, ‘सीडब्ल्यूसी की हालिया बैठक के दौरान वरिष्ठ और युवा सदस्यों ने कुछ मुद्दों को उठाया। लेकिन उन्हें चुप करा दिया गया। पार्टी के एक प्रवक्ता को बिना सोचे समझे बर्खास्त कर दिया गया। दुखद सच्चाई यह है कि कांग्रेस में नेता घुटन महसूस कर रहे हैं।’
उन्होंने आगे कहा, ‘भारत के विपक्षी दलों में से एक के रूप में कांग्रेस को खुद से पूछने की आवश्यकता है: आपातकाल की मानसिकता अब तक क्यों बनी हुई है? ऐसे नेता जो एक वंश के नहीं हैं, उन्हें बोलने की इजाजत क्यों नहीं है? कांग्रेस में नेता क्यों निराश हो रहे हैं? अन्यथा लोगों के साथ उनका संबंध और कम होता जाएगा।’