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रामनवमी हिंसा: दस्तावेज नहीं सौंप रही बंगाल पुलिस, एनआईए ने खटखटाया कोर्ट का दरवाजा
Wed, 26 Jul 2023 10:47 PM IST
शक्तिराज सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
अमर उजाला ब्यूरो, कोलकाता
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Wed, 26 Jul 2023 10:47 PM IST
सार
एनआईए ने बंगाल पुलिस प्रशासन पर रामनवमी हिंसा की चल रही जांच में असहयोग का आरोप लगाया है। साथ ही राज्य प्रशासन पर मामले से संबंधित दस्तावेज उन्हें सौंपने की प्रक्रिया में देरी करने का भी आरोप लगाया है।
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पश्चिम बंगाल के हावड़ा में हिंसा भड़की
- फोटो : ani
विस्तार
बंगाल में रामनवमी हिंसा की जांच का मामला अब कलकत्ता हाई कोर्ट तक पहुंच गया है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बुधवार को पश्चिम बंगाल पुलिस पर जांच में सहयोग न करने और राज्य प्रशासन पर मामले से संबंधित दस्तावेज उन्हें सौंपने की प्रक्रिया में देरी करने का भी आरोप लगाया है। उल्लेखनीय है कि रामनवमी जुलूस के दौरान हुई हिंसा की चल रही जांच एनआईए कर रही है। कोर्ट ने याचिका स्वीकार कर ली है। मामले की सुनवाई गुरुवार को हो सकती है।
एनआईए ने बुधवार को कलकत्ता हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। एनआईए ने बंगाल पुलिस प्रशासन पर रामनवमी हिंसा की चल रही जांच में असहयोग का आरोप लगाया है। साथ ही राज्य प्रशासन पर मामले से संबंधित दस्तावेज उन्हें सौंपने की प्रक्रिया में देरी करने का भी आरोप लगाया है। इससे पहले एनआईए इसी शिकायत के साथ कलकत्ता हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति राजशेखर मंथा की एकलपीठ में गई थी। हाल ही में, न्यायमूर्ति मंथा को डिवीजन-बेंच न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत किया गया था। इसलिए एनआईए ने अब इस मामले को न्यायमूर्ति सेनगुप्ता की पीठ के सामने उठाया है। पीठ ने याचिका स्वीकार कर ली है और मामले की सुनवाई गुरुवार को होगी।
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एनआईए ने बुधवार को कलकत्ता हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। एनआईए ने बंगाल पुलिस प्रशासन पर रामनवमी हिंसा की चल रही जांच में असहयोग का आरोप लगाया है। साथ ही राज्य प्रशासन पर मामले से संबंधित दस्तावेज उन्हें सौंपने की प्रक्रिया में देरी करने का भी आरोप लगाया है। इससे पहले एनआईए इसी शिकायत के साथ कलकत्ता हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति राजशेखर मंथा की एकलपीठ में गई थी। हाल ही में, न्यायमूर्ति मंथा को डिवीजन-बेंच न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत किया गया था। इसलिए एनआईए ने अब इस मामले को न्यायमूर्ति सेनगुप्ता की पीठ के सामने उठाया है। पीठ ने याचिका स्वीकार कर ली है और मामले की सुनवाई गुरुवार को होगी।
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