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स्क्रैप की बिक्री : कबाड़ की कमाई से रेलवे हुआ मालामाल
Thu, 08 Apr 2021 04:31 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Thu, 08 Apr 2021 04:31 AM IST
सार
- इससे पहले स्क्रैप बिक्री की कमाई का सबसे अच्छा आंकड़ा 2009-10 में 4409 करोड़ रुपये था।
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भारतीय रेलवे (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
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विस्तार
कबाड़ की कमाई से रेलवे मालामाल हुआ है। इस साल स्क्रैप की बिक्री कर रेलवे ने कुल 4573 करोड़ रुपये की कमाई की है जो पिछले साल की तुलना में 5.5 फीसदी अधिक है।
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भारतीय रेल ने वित्त वर्ष 2020-21 में अबतक की सबसे अधिक स्क्रैप की बिक्री की है। इस माध्यम से उसने कुल 4573 करोड़ रुपये की कमाई की है। जो कि वित्त वर्ष 2019-20 की तुलना में 5.5 फीसदी यानी कि 4333 करोड़ रुपये अधिक हैं।
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इससे पहले स्क्रैप बिक्री की कमाई का सबसे अच्छा आंकड़ा 2009-10 में 4409 करोड़ रुपये था। रेलेवे की निर्माण योजनाओं और छोटी रेल लाइनों को बड़ी रेल लाइनों में बदलने से जुड़ी परियोजनाओं में सामान्य रूप से इस तरह की स्क्रैप सामग्री बड़े पैमाने पर इकठ्ठा हो जाती है। ये दोबारा इस्तेमाल के लायक नहीं रहती है। लिहाजा इसका निपटरा रेलवे करता है।
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उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक आशुतोष गंगल के अनुसार उत्तर रेलवे ने इस साल 3.9 फीसदी अधिक कमाई की। इस साल 420 करोड़ रुपये की कमाई की जबकि पिछले साल कुल कमाई 433 करोड़ रुपये की हुई थी। कोविड की चुनौतियों के बावजूद रेलवे कर्मियों ने बेहतर काम किया।