{"_id":"571819b54f1c1bef378b4e01","slug":"rahul-johri-became-first-ceo-of-bcci","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"अमर उजाला से करियर शुरू करने वाले राहुल जौहरी बने BCCI के पहले सीईओ","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
अमर उजाला से करियर शुरू करने वाले राहुल जौहरी बने BCCI के पहले सीईओ
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली, बरेली
Updated Thu, 21 Apr 2016 04:31 PM IST
सार
- एक जून से संभालेंगे बीसीसीआई में अपना कार्यभार
- अमर उजाला से की थी राहुल ने कैरियर की शुरुआत
- बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर को करेंगे रिपोर्ट
विज्ञापन
राहुल जौहरी
- फोटो : pti
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अमर उजाला से अपने करियर की शुरुआत करने वाले बरेली के राहुल जौहरी को क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ऑफ इंडिया (बीसीसीआई) ने बुधवार को अपना पहला चीफ एक्जीक्यूटिव ऑफिसर (सीईओ) नियुक्त किया है। वह एक जून से अपना कार्यभार संभालेंगे। राहुल जौहरी मुंबई ऑफिस में बैठेंगे। इससे पहले वह डिस्कवरी नेटवर्क में 15 साल तक एशिया पैसिफिकर के एक्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट और जनरल मैनेजर रह चुके हैं।
राहुल प्रदेश के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिनेश जौहरी के बेटे हैं। बोर्ड द्वारा जारी बयान के अनुसार वह बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर को रिपोर्ट करेंगे। जौहरी बोर्ड से अपना अनुभव बांटेंगे। उन पर बोर्ड की कार्यवाही को निर्बाध चलाने व शेयरधारकों के हितों को प्रबंधन और खेल के विकास के लिए व्यापक रणनीति बनाने की जवाबदेही होगी।
उनकी नियुक्ति की घोषणा करते हुए बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर ने कहा कि हम आश्वस्त हैं कि उनकी दूरदृष्टि व दिशानिर्देश और सहयोग से बीसीसीआई को सुचारु रूप से चलाने में मदद मिलेगी। बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर ने भी राहुल के बोर्ड से जुड़ने का स्वागत किया है और बीसीसीआई में नई भूमिका के लिए उन्हें शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि यह बीसीसीआई का एक और नया कदम है और यह बीसीसीआई के पेशेवर कामकाज को मजबूत करने में मील का पत्थर साबित होगा।
विज्ञापन
प्रेमनगर के रहने वाले राहुल जौहरी ने शेरवुड कॉलेज से 12वीं की पढ़ाई करने के बाद बीएससी बरेली कॉलेज और एमबीए महात्मा ज्योतिबा फु ले रूहेलखंड विश्वविद्यालय से पास किया। इस समय बरेली में उनके घर में पिता डॉ. दिनेश जौहरी और मां प्रभा जौहरी ही हैं। राहुल जौहरी की पत्नी सीमा दिल्ली में योग की ट्रेनर हैं। दो बच्चे यश व ध्रुव हैं। यश अमेरिका के एक विश्वविद्यालय में विदेश नीति से ग्रेजुएशन कर रहे हैं जबकि दूसरा बेटा दून कालेज में 12वीं की पढ़ाई कर रहा है।
विज्ञापन
राहुल प्रदेश के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिनेश जौहरी के बेटे हैं। बोर्ड द्वारा जारी बयान के अनुसार वह बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर को रिपोर्ट करेंगे। जौहरी बोर्ड से अपना अनुभव बांटेंगे। उन पर बोर्ड की कार्यवाही को निर्बाध चलाने व शेयरधारकों के हितों को प्रबंधन और खेल के विकास के लिए व्यापक रणनीति बनाने की जवाबदेही होगी।
विज्ञापन
उनकी नियुक्ति की घोषणा करते हुए बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर ने कहा कि हम आश्वस्त हैं कि उनकी दूरदृष्टि व दिशानिर्देश और सहयोग से बीसीसीआई को सुचारु रूप से चलाने में मदद मिलेगी। बीसीसीआई सचिव अनुराग ठाकुर ने भी राहुल के बोर्ड से जुड़ने का स्वागत किया है और बीसीसीआई में नई भूमिका के लिए उन्हें शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि यह बीसीसीआई का एक और नया कदम है और यह बीसीसीआई के पेशेवर कामकाज को मजबूत करने में मील का पत्थर साबित होगा।
विज्ञापन
प्रेमनगर के रहने वाले राहुल जौहरी ने शेरवुड कॉलेज से 12वीं की पढ़ाई करने के बाद बीएससी बरेली कॉलेज और एमबीए महात्मा ज्योतिबा फु ले रूहेलखंड विश्वविद्यालय से पास किया। इस समय बरेली में उनके घर में पिता डॉ. दिनेश जौहरी और मां प्रभा जौहरी ही हैं। राहुल जौहरी की पत्नी सीमा दिल्ली में योग की ट्रेनर हैं। दो बच्चे यश व ध्रुव हैं। यश अमेरिका के एक विश्वविद्यालय में विदेश नीति से ग्रेजुएशन कर रहे हैं जबकि दूसरा बेटा दून कालेज में 12वीं की पढ़ाई कर रहा है।
बहुत खुश हैं राहुल के पिता डॉक्टर जौहरी
बीसीसीआई
- फोटो : pti
राहुल जौहरी के सीईओ बनने की खबर जैसे ही टीवी पर फ्लैश हुई डॉ. दिनेश जौहरी के घर पर फोन की घंटी लगातार बजे ही जा रही है। कभी उनकी पत्नी प्रभा जौहरी फोन उठाती तो कभी डॉ. जौहरी। टीवी पर भी नजर जमी हुई है। सभी चैनलों की टॉप थ्री ब्रेकिंग न्यूज में राहुल जौहरी का नाम देखकर डॉ. दिनेश फूले नहीं समा रहे थे।
प्रेमनगर धर्मकांटा स्थित प्रदेश के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिनेश जौहरी के मकान पर अब पहले जैसी चहल पहल नहीं रहती। बुधवार को इस संवाददाता ने दरवाजे पर पहुंचकर आवाज दी तो डॉ. जौहरी बाहर आए। राहुल जौहरी के बारे में बताया तो चेहरे पर मुस्कान तैर गई, तुरंत अंदर गए और मिठाई मंगवाई। फिर कहा, डिस्कवरी चैनल के साथ काम किया। अब बीसीसीआई में सीईओ पद मिल गया, इससे ज्यादा क्या चाहिए।
बातों ही बातों में फख्र के साथ बोले- ‘शायद आपको पता नहीं मेरे बेटे ने भी अमर उजाला में नौकरी की थी। उसका करियर ही अमर उजाला के मार्केटिंग विभाग से शुरू हुआ।’ वर्ष याद नहीं था तो उन्होंने अपनी पत्नी से पूछा। उन्होंने बताया कि वर्ष 1992 में। कहने लगे की मेडिकल और राजनीति के अलावा मीडिया से भी बड़ा लगाव रहा। तभी तो एक दर्जन बड़े मीडिया समूह के साथ राहुल ने काम किया। तभी स्वीडन से उनके रिश्तेदार का फोन आ गया। डॉ. जौहरी ने पूछा कि वहां कैसे खबर गई तो बताया कि फेसबुक पर अपडेट देखा। दस मिनट बात हुई फिर डॉ. दिनेश बचपन की फोटो दिखाकर यादें साझा करने लगे।
प्रेमनगर धर्मकांटा स्थित प्रदेश के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिनेश जौहरी के मकान पर अब पहले जैसी चहल पहल नहीं रहती। बुधवार को इस संवाददाता ने दरवाजे पर पहुंचकर आवाज दी तो डॉ. जौहरी बाहर आए। राहुल जौहरी के बारे में बताया तो चेहरे पर मुस्कान तैर गई, तुरंत अंदर गए और मिठाई मंगवाई। फिर कहा, डिस्कवरी चैनल के साथ काम किया। अब बीसीसीआई में सीईओ पद मिल गया, इससे ज्यादा क्या चाहिए।
बातों ही बातों में फख्र के साथ बोले- ‘शायद आपको पता नहीं मेरे बेटे ने भी अमर उजाला में नौकरी की थी। उसका करियर ही अमर उजाला के मार्केटिंग विभाग से शुरू हुआ।’ वर्ष याद नहीं था तो उन्होंने अपनी पत्नी से पूछा। उन्होंने बताया कि वर्ष 1992 में। कहने लगे की मेडिकल और राजनीति के अलावा मीडिया से भी बड़ा लगाव रहा। तभी तो एक दर्जन बड़े मीडिया समूह के साथ राहुल ने काम किया। तभी स्वीडन से उनके रिश्तेदार का फोन आ गया। डॉ. जौहरी ने पूछा कि वहां कैसे खबर गई तो बताया कि फेसबुक पर अपडेट देखा। दस मिनट बात हुई फिर डॉ. दिनेश बचपन की फोटो दिखाकर यादें साझा करने लगे।
करियर की शुरुआत अमर उजाला से
- फोटो : getty
देर रात बातचीत में डॉ. जौहरी ने अमर उजाला से अपने पुराने संबंधों का हवाला देते हुए बताया कि राहुल ने भी अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला से ही की थी। अमर उजाला के प्रबंध निदेशक स्वर्गीय अतुल माहेश्वरी के सानिध्य में काम करते हुए राहुल ने उनसेकाफी कुछ सीखा और उनके बताए हुए टिप्स पर काम करते हुए राहुल ने हर कदम पर कामयाबी हासिल की।
डॉ. जौहरी ने बताया कि राहुल के दादा उसे डॉक्टर बनाना चाहते थे। परन्तु एमबीए करने के बाद उसने अमर उजाला ज्वाइन किया और दिल्ली आफिस में बैठकर श्री अतुल माहेश्वरी से काफी कुछ सीखा। अमर उजाला के बाद उन्होंने पायनियर ज्वाइन किया। इसके बाद टाइम्स आफ इंडिया, इंडिया टुडे में काफी दिनों तक काम किया। फिर आउट लुक (अंग्रेजी) पत्रिका संभाली। वहां जी न्यूज और तहलका पत्रिका में गए।
इन मीडिया संस्थानों में काम करते हुए राहुल ने अपने काम में काफी परिपक्वता हासिल कर ली। डिस्कवरी चैनल में 23 देशों के वित्तीय प्रबंधन को देखते हुए इस चैनल को काफी आगे बढ़ाया। डा. जौहरी ने बताया कि करीब छह माह पूर्व बीसीसीआई की ओर से एक शीर्ष कंपनी ने राहुल से संपर्क करके पूछा कि क्या वे भारतीय क्रिकेट को नया आयाम देने के लिए कुछ सहयोग करने को तैयार हैं।
राहुल की ओर से हरी झंडी मिलने पर करीब एक माह पूर्व बीसीसीआई के वरिष्ठ पदाधिकारी ने राहुल से विस्तार से बातचीत कर उनके सामने सीईओ जैसा महत्वपूर्ण पद स्वीकार करने का प्रस्ताव रखा। जिसे राहुल ने स्वीकार कर लिया। डॉ. जौहरी ने उम्मीद जतायी कि राहुल के नेतृत्व में भारतीय क्रिकेट नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।
डॉ. जौहरी ने बताया कि राहुल के दादा उसे डॉक्टर बनाना चाहते थे। परन्तु एमबीए करने के बाद उसने अमर उजाला ज्वाइन किया और दिल्ली आफिस में बैठकर श्री अतुल माहेश्वरी से काफी कुछ सीखा। अमर उजाला के बाद उन्होंने पायनियर ज्वाइन किया। इसके बाद टाइम्स आफ इंडिया, इंडिया टुडे में काफी दिनों तक काम किया। फिर आउट लुक (अंग्रेजी) पत्रिका संभाली। वहां जी न्यूज और तहलका पत्रिका में गए।
इन मीडिया संस्थानों में काम करते हुए राहुल ने अपने काम में काफी परिपक्वता हासिल कर ली। डिस्कवरी चैनल में 23 देशों के वित्तीय प्रबंधन को देखते हुए इस चैनल को काफी आगे बढ़ाया। डा. जौहरी ने बताया कि करीब छह माह पूर्व बीसीसीआई की ओर से एक शीर्ष कंपनी ने राहुल से संपर्क करके पूछा कि क्या वे भारतीय क्रिकेट को नया आयाम देने के लिए कुछ सहयोग करने को तैयार हैं।
राहुल की ओर से हरी झंडी मिलने पर करीब एक माह पूर्व बीसीसीआई के वरिष्ठ पदाधिकारी ने राहुल से विस्तार से बातचीत कर उनके सामने सीईओ जैसा महत्वपूर्ण पद स्वीकार करने का प्रस्ताव रखा। जिसे राहुल ने स्वीकार कर लिया। डॉ. जौहरी ने उम्मीद जतायी कि राहुल के नेतृत्व में भारतीय क्रिकेट नए कीर्तिमान स्थापित करेगा।