फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Rahul Gandhi: Congress's tremendous effort to save Rahul, petition prepared to challenge the decision

Rahul Gandhi: राहुल की सजा और लोकसभा सदस्यता बहाल कराने के लिए कांग्रेस तैयार, जल्द दायर होगी समीक्षा याचिका

Wed, 29 Mar 2023 03:13 PM IST
श्वेता महतो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: श्वेता महतो Updated Wed, 29 Mar 2023 03:13 PM IST
सार

कांग्रेस ने कहा है कि वह इस मामले को राजनीतिक और कानूनी दोनों तरीकों से लड़ेगी और इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाएगी।

विज्ञापन
Rahul Gandhi: Congress's tremendous effort to save Rahul, petition prepared to challenge the decision
Rahul Gandhi in defamation case - फोटो : Agency

विस्तार

मोदी सरनेम मामले पर राहुल गांधी को सूरत कोर्ट ने दो साल की सजा सुनाई है। मानहानि के इस मामले पर सूरत की निचली अदालत द्वारा दोषी ठहराए जाने और सजा सुनाए जाने को चुनौती देने वाली एक याचिका तैयार की गई है। 
विज्ञापन


सूत्रों से बुधवार को जानकारी मिली है कि इस याचिका को इस याचिका को  बहुत जल्द दाखिल किए जाने की संभावना है। उन्होंने बताया कि पार्टी के शीर्ष कानूनी सलाहकार समीक्षा याचिका पर काम कर रहे हैं, जिसे एक या दो दिन में सूरत सत्र अदालत में दायर किया जाएगा।
विज्ञापन


राहुल गांधी ने 2019 में मोदी सरनेम पर एक दिप्पणी की थी, जिसके बाद उन्हें सूरत कोर्ट से सजा मिलने के बाद लोकसभा के सांसद के रूप में अयोग्य घोषित कर दिया गया था। कांग्रेस ने कहा है कि वह इस मामले को राजनीतिक और कानूनी दोनों तरीकों से लड़ेगी और इस मुद्दे को जनता के बीच ले जाएगी। लोकसभा में कांग्रेस व्हिप मणिकम टैगोर ने कहा कि सरकार ने जानबूझकर राहुल गांधी को इस बजट सत्र के दौरान संसद में उपस्थित नहीं होने देने के लिए एक सुनियोजित साजिश के तहत अयोग्य घोषित किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने संसद के बाहर संवाददाताओं से बात करते हुए कहा, "यह पूरी तरह से झूठा मामला है और उनकी अयोग्यता उन्हें संसद से दूर रखने के लिए आई है। लेकिन, हम इसे कानूनी और राजनीतिक दोनों तरह से लड़ेंगे।"

इस बीच, चुनाव आयोग ने कहा कि उन्हें वायनाड निर्वाचन क्षेत्र में उपचुनाव की घोषणा करने की कोई जल्दी नहीं है क्योंकि ट्रायल कोर्ट ने गांधी को अदालत के आदेश के खिलाफ अपील करने के लिए एक महीने का समय दिया है।


मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा- "कोई जल्दी नहीं है, हम इंतजार करेंगे।" उन्होंने कहा कि वायनाड संसदीय दल में रिक्ति को 23 मार्च 2023 तक अधिसूचित किया जा सकता था और कानून के अनुसार छह महीने के भीतर उपचुनाव कराना होता है। कुमार ने कहा कि कानून यह भी कहता है कि यदि कार्यकाल की शेष अवधि एक वर्ष से कम थी, तो चुनाव नहीं होगा।


 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed