{"_id":"5b50ad8a4f1c1b48748b5cd6","slug":"poet-and-lyricist-gopaldas-neeraj-passes-away","type":"story","status":"publish","title_hn":"यश भारती पेंशन के बिना मैं दुनिया से नहीं जाने वाला","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
यश भारती पेंशन के बिना मैं दुनिया से नहीं जाने वाला
दीपक शर्मा, अलीगढ़
Updated Thu, 19 Jul 2018 08:56 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोपाल दास नीरज कानपुर में जिस डीएवी कालेज में पढ़े और नौकरी की, वहीं पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी भी पढ़े। जब अटल जी देश के प्रधानमंत्री बने तो नीरज यह बात फख्र से लोगों को बताया करते थे। समाजवादी पार्टी से नजदीकी और उनकी सरकार में राजभाषा संस्था का अध्यक्ष बनाए गए नीरज के संबंध राज्यपाल राम नाईक से भी रहे, लेकिन यश भारती पेंशन रोक दिए जाने पर वह योगी सरकार के फैसले के विरोध में भी आ गए।
विज्ञापन
नीरज यह भी कहते कि उनकी कुंडली और अटल बिहारी वाजपेयी की कुंडली में बहुत मामूली अंतर है। इसी अंतर ने अटल बिहारी वाजपेयी को प्रधानमंत्री बनाया है। नीरज अपनी आजीविका के लिए डीएवी कालेज में टाइपिस्ट की नौकरी भी करते थे। अटल बिहारी नीरज के सीनियर थे। बाद में वाजपेयी ने देश की राजनीति में सर्वोच्च स्थान हासिल किया। इधर नीरज को समाजवादी पार्टी की सरकार ने पद और सम्मान से नवाजा। लेकिन नीरज ने स्वयं को पहले साहित्यकार माना।
विज्ञापन
कुछ समय पहले प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक नीरज के अलीगढ़ के जनकपुरी स्थित आवास पर पहुंचे। नीरज किसी भी राजनीतिक और सामाजिक मुद्दे पर बेबाक होकर बोलते, चाहे वह सपा के फैसलों के विपरीत ही क्यों न हो? जब सपा सरकार ने लैपटाप वितरण की योनजा शुरू की तो उन्होंने तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को पत्र लिखा और सलाह दी कि वह लैपटाप बांटने की बजाय स्कूलों में कंप्यूटर लैब स्थापित करा दें। यह अधिक लाभकारी होगा।
विज्ञापन
इसी तरह जनसंख्या नियंत्रण के लिए प्रधानमंत्री मोदी को पत्र लिख डाला। यश भारती प्राप्त गणमान्य जनों को पेंशन रोक दिए जाने पर उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी पत्र लिखा और पेंशन जारी रखवाने की मांग की। कुछ दिनों पहले ही उन्होंने कहा था कि जब तक मेरी यश भारती की पेंशन बहाल नहीं हो जाती। मैं इस दुनिया से जाने वाला नहीं हूं।