PMLA Case: ईडी ने कोर्ट में कहा, संजय राउत ने अलीबाग में प्लॉट खरीदने के लिए दिए थे तीन करोड़ नकद
60 वर्षीय संजय राउत को रविवार देर रात के तुरंत बाद दक्षिण मुंबई के बैलार्ड एस्टेट में ईडी के क्षेत्रीय कार्यालय में छह घंटे से अधिक की पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया गया था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार को यहां एक विशेष अदालत को बताया कि शिवसेना सांसद संजय राउत और उनके परिवार को मुंबई में पात्रा चॉल परियोजना में अनियमितताओं से एक करोड़ रुपये से अधिक की अपराध की आय मिली थी। ईडी ने यह दावा उपनगरीय गोरेगांव में पात्रा चॉल के पुनर्विकास और उनकी पत्नी और कथित सहयोगियों से संबंधित वित्तीय संपत्ति लेनदेन में अनियमितताओं से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में संजय राउत की हिरासत की मांग करते हुए किया। हालांकि, संजय राउत ने दावा किया कि उनके खिलाफ आरोप अस्पष्ट हैं और राजनीतिक प्रतिशोध से लगाए गए हैं।
भूखंड खरीद के लिए तीन करोड़ नकद दिए
साथ ही ईडी अधिकारियों का कहा कि उसने कल (मंगलवार) मुंबई में दो स्थानों पर छापेमारी में महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए। अधिकारियों का कहना है कि उन्हें पता चला है कि संजय राउत ने अलीबाग में 10 भूखंडों के लिए विक्रेताओं को तीन करोड़ रुपये नकद में दिए थे। ईडी ने कहा कि एचडीआईएल के पूर्व लेखाकार का भी बयान आज दर्ज किया गया। राउत के खाते में पैसे ट्रांसफर करने के अलावा राउत को प्रवीण राउत से बड़ी रकम नकद मिली थी। अलीबाग और मुंबई में फ्लैटों की खरीद में इस पैसे का इस्तेमाल हुआ था।
विशेष पीएमएलए (धन शोधन निवारण अधिनियम) अदालत के न्यायाधीश एमजी देशपांडे ने बाद में शिवसेना नेता को चार अगस्त तक ईडी की हिरासत में भेजा था। शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के करीबी सहयोगी 60 वर्षीय राउत को रविवार देर रात के तुरंत बाद दक्षिण मुंबई के बैलार्ड एस्टेट में ईडी के क्षेत्रीय कार्यालय में छह घंटे से अधिक की पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया गया था। ईडी ने उन्हें विशेष पीएमएलए अदालत में पेश किया और आठ दिन की हिरासत की मांगी थी। हालांकि, न्यायाधीश ने बचाव और अभियोजन पक्ष की दलीलें सुनने के बाद 4 अगस्त तक हिरासत में भेज दिया था।
शिवसेना के ठाणे प्रमुख केदार पर केस
ठाणे जिले के शिवसेना प्रमुख केदार दिघे और दोस्त रोहित पर मुंबई पुलिस ने धमकी और दुष्कर्म का केस दर्ज किया है। एनएम जोशी मार्ग पुलिस के मुताबिक, 23 साल की पीड़िता मुंबई के शीर्ष होटल में काम करती है। उसने शिकायत में बताया कि कुछ दिन पहले रोहित होटल में ठहरा था, तब उसने दुष्कर्म किया था। इस घटना के बाद केदार ने फोन करके पुलिस में शिकायत नहीं करने की धमकी दी थी। इसके बाद पीड़िता ने 1 अगस्त को केस दर्ज कराया। पुलिस ने दिघे के खिलाफ आईपीसी की धारा 506 और रोहित पर धारा 376 के तहत केस दर्ज किया है। 31 जुलाई को शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने केदार को ठाणे जिले में पार्टी का नया प्रमुख बनाया है।