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Mosque Temple Controversy: सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका, 100 साल से अधिक पुरानी मस्जिदों का कराया जाए गोपनीय सर्वे
Fri, 27 May 2022 06:23 PM IST
Amit Mandal
एएनआई, नई दिल्ली
एएनआई, नई दिल्ली
Published by: Amit Mandal
Updated Fri, 27 May 2022 06:23 PM IST
सार
याचिका में प्रतिवादियों को उन सभी प्राचीन प्रमुख मस्जिदों पर सर्वेक्षण करने का निर्देश देने की मांग की गई है जो 100 साल से अधिक पुरानी हैं।
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सुप्रीम कोर्ट
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका दायर कर भारत में कुओं व तालाबों वाली सौ साल से अधिक सभी प्राचीन और प्रमुख मस्जिदों का भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण द्वारा गोपनीय सर्वे करने का निर्देश देने की मांग की गई है। जनहित याचिका में सौ साल से अधिक पुरानी मस्जिदों के तालाबों और कुओं में वुजू के लिए दूसरी जगह तय करने की मांग की गई है। याचिका में मांग की गई है कि एक गोपनीय सर्वेक्षण पूरा किया जा सकता है ताकि यदि कोई अवशेष मिले तो अनावश्यक सांप्रदायिक घृणा और धार्मिक भावनाओं को आहत करने से बचा जा सके।
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अधिवक्ता शुभम अवस्थी द्वारा अधिवक्ता विवेक नारायण शर्मा के माध्यम से याचिका दायर की गई है और सप्त ऋषि मिश्रा ने एक विस्तृत गोपनीय सर्वेक्षण और रिपोर्ट प्रस्तुत होने तक विवादित संपत्तियों को किसी भी पक्ष या उनके हस्तक्षेप से मुक्त रखने के लिए दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की है।
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याचिका में प्रतिवादियों को उन सभी प्राचीन प्रमुख मस्जिदों पर सर्वेक्षण करने का निर्देश देने की मांग की गई है जो 100 साल से अधिक पुरानी हैं और रामायण / महाभारत / पुराणों / उपनिषदों / वेदों / जैन में वर्णित अवशेषों की उपस्थिति के कारण विवादों में हैं। भारत में हिंदुओं/सिखों/जैनों/बौद्धों से संबंधित आगमा/बौद्ध ग्रंथ/प्राचीन धार्मिक ग्रंथ, साथ ही वुजु के लिए कुएं या हिंदुओं/जैनों/सिखों/बौद्धों से जुड़े अवशेषों के छिपे हुए मार्ग और उनकी सुरक्षा के लिए दिशा-निर्देश देने की मांग की गई है।
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