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ईरान में फंसे 850 भारतीयों को निकालने को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर
Sat, 28 Mar 2020 07:44 AM IST
संजीव कुमार झा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Sat, 28 Mar 2020 07:44 AM IST
सार
- सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से मांगा जवाब
- वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई
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सुप्रीम कोर्ट
- फोटो : social media
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विस्तार
ईरान में फंसे 850 भारतीयों को वहां से निकाल कर वापस देश लाने की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस सूर्यकांत ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये शुक्रवार को सुनवाई करते हुए इस मामले पर केंद्र सरकार को सोमवार तक अपना पक्ष रखने के लिए कहा है। अगली सुनवाई 30 मार्च को होगी
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याचिका में कहा गया है कि केंद्र सरकार को निर्देश दिया जाए कि जब तक ईरान में फंसे इन यात्रियों को वहां से नहीं निकाला जाता तब तक उन्हें मेडिकल सुविधाएं प्रदान की जाए। मालूम हो कि कोरोना वायरस से ईरान बुरी तरह प्रभावित है और वहां करीब दो हजार लोगों की मौत हो चुकी है।
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याचिका लद्दाख निवासी मुस्तफा एमएच की ओर दायर की गई है । याचिकाकर्ता की ओर से पेश वरिष्ठ वकील संजय हेगड़े ने कहा कि याचिकाकर्ता के कुछ रिश्तेदार गत वर्ष दिसंबर में ईरान गए थे। मार्च के पहले हफ्ते में याचिकाकर्ता के रिश्तेदार को लौटना था लेकिन कोरोना वायरस के कारण वो ईरान में फंस गए हैं। याचिका में ईरान में फंसे 850 लोगों को वहां से निकालने की गुहार लगाई गई है।
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याचिककर्ता ने दावा किया है कि डॉक्टरों की टीम ने 850 लोगों का टेस्ट किया है। ईरानी सरकार ने उन्हें होटल में रख दिया है लेकिन इनकी स्थिति ऐसी नहीं है कि वह उन्हें पैसा दे सकें। उनके पैसे खत्म हो चुके हैं। एक कमरे में चार से पांच को रखा गया है जबकि कोरोना ईरान में बुरी तरह से फैला हुआ है।
इस तरह से उन्हें साथ रखना उनके स्वास्थ्य के लिए खतरा है। लिहाजा केंद्र सरकार द्वारा यह सुनिश्चित कराया जाना चाहिए कि विश्व स्वास्थ्य संगठन की दिशा निर्देशों के तहत इन सभी को एकांतवास में रखा जाए।