Porsche Row: घूस देकर बदले गए किशोर के ब्लड सैंपल, पिता-दादा सहित अब तक नौ गिरफ्तार; तीन आरोपी 30 तक रिमांड पर
Porsche Row: पुणे के कार हादसे पर चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। ताजा घटनाक्रम में घूस देकर किशोर के ब्लड सैंपल बदलवाने की बात सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक आरोपी किशोर के पिता-दादा सहित अब तक नौ लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इस मामले में तीन आरोपियों को 30 तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।
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पुणे कार हादसा इन दिनों विवादों में है। मामले में पुणे पुलिस ने आज एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी अतुल घाटकांबले ससून जनरल अस्पताल का कर्मचारी है। आरोपी पर खून के नमूने के साथ हेरफेर करने का कथित आरोप है। इसके अलावा, ड्राइवर को बंधक बनाने के मामले में अदालत ने आरोपी के पिता को हिरासत में लेने के लिए पुलिस को अनुमति दे दी है।
किन तीन लोगों की गिरफ्तारी हुई है
इसस पहले पुलिस ने ससून जनरल अस्पताल के फोरेंसिक मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. अजय तवरे और सरकारी अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. श्रीहरि हलनोर को गिरफ्तार किया था। घाटकांबले डॉ. तवारे के अधीन काम करता था। तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया और पुलिस ने उनकी 10 दिन की हिरासत मांगी है। पुलिस ने बताया कि किशोर के बल्ड सैंपल को किसी अन्य व्यक्ति के नमूनों से बदल दिया था। यह सब डॉ. तावरे के निर्देश पर किया गया था। तावरे के निर्देश पर ही किशोर के बल्ड सैंपल को कूड़ेदान में फेंक दिया गया और उसकी जगह दूसरे व्यक्ति के रक्त के नमूनों को रखा गया। क्राइम ब्रांच मामले की जांच कर रही है। देर रात आरोपियों को क्राइम ब्रांच से लश्कर पुलिस थाने लाया गया।
#WATCH | Pune car accident case | The accused doctors & father of the accused minor were brought to the Lashkar Police Station from the Crime Branch office. pic.twitter.com/AV703tn4PP
— ANI (@ANI) May 27, 2024
30 मई तक हिरासत, खून के नमूने बदलने के लिए तीन लाख रुपये
आरोपी नाबालिग के पिता को क्राइम ब्रांच लाया गया और अपहरण के मामले में आधिकारिक तौर पर गिरफ्तार किया गया। वहीं, अदालत ने आरोपियों को 30 मई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया है। एक खबर के मुताबिक इस मामले में डॉक्टरों को तीन लाख रुपये की रिश्वत देकर खून के नमूने बदलवाए गए हैं।
पिता, दादा सहित अब तक नौ लोग गिरफ्तार#WATCH | Pune car accident case | Father of the accused minor brought to the Crime Branch and is being officially arrested in an abduction case.
— ANI (@ANI) May 27, 2024
He was under judicial custody at Yerwada Jail after the Pune District Court allowed Pune Police to take custody of the accused father… pic.twitter.com/4cvJaZpHhF
कमिश्नर अमितेश कुमार ने ने बताया, मामले में आरोपी नाबालिग के पिता और दादा सहित अब तक 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार लोगों में नाबालिग को शराब पिलाने वाले बार के मालिक, मैनेजर और स्टाफ भी शामिल हैं। इनकी पहचान कोजी रेस्टोरेंट के मालिक प्रह्लाद भूतड़ा, उसके मैनेजर सचिन काटकर, ब्लैक क्लब होटल के मैनेजर संदीप सांगले और उसका स्टाफ जयेश बोनकर और नितेश शेवानी के रूप में हुई है।
यह है पूरा मामला
पूरा मामला शुरू होता है रविवार से। रविवार तड़के 17 साल का आरोपी नशे में लग्जरी कार चला रहा था। इस दौरान उसने एक बाइक को टक्कर मार दी। इसमें दो लोगों की मौत हो गई। दोनों पेशे से इंजीनियर थे। आसपास के लोगों ने आरोपी को पहले तो खूब पीटा फिर पुलिस को सौंप दिया। मृतकों की पहचान अनीश अवधिया और अश्विनी कोस्टा के रूप में हुई है। दोनों पार्टी करके घर जा रहे थे।
आरोपी के खिलाफ येरवडा पुलिस स्टेशन में 279 (रैश ड्राइविंग), 304 ए (लापरवाही से मौत), 337 (मानव जीवन को खतरे में डालना) और 338 (गंभीर चोट पहुंचाना) सहित अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया। आरोपी को हिरासत में भी लिया गया। रविवार को ही उसे कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने उसे रिहा कर दिया। कोर्ट ने उसे सड़क हादसे पर निबंध लिखने और 15 दिनों के लिए येरवडा यातायात पुलिस के साथ काम करने के लिए निर्देश दिया। विवाद बढ़ा तो कोर्ट ने उसकी जमानत रद्द कर दी और उसे अवलोकन गृह भेज दिया। पुलिस ने आरोपी के पिता और दादा सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया।
पोर्श की तकनीकी टीम पहुंची मुंबई
क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी संजीव भोर ने सोमवार को बताया कि पोर्श के प्रतिनिधि कार का तकनीकी निरीक्षण करने येरवडा पुलिस स्टेशन पहुंचे। महाराष्ट्र परिवहन आयुक्त विवेक भीमनवार ने पहले बताया था कि कार को मार्च में बेंगलुरु के एक डीलर द्वारा आयात किया गया था। वहां से इसे अस्थायी पंजीकरण पर महाराष्ट्र भेजा था। मालिक द्वारा 1,758 रुपये की फीस का भुगतान न करने के कारण वाहन का स्थायी पंजीकरण मार्च से लंबित था।