Odisha Immolation: चौंकाने वाला खुलासा- कॉलेज की ICC रिपोर्ट से तनाव में आत्मदाह; NSUI-BJD पीड़िता के साथ नहीं
बालासोर आत्मदाह मामले में पीड़िता की मित्र प्रियाशा महापात्रा ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। उसने कहा कि पीड़िता आंतरिक शिकायत समिति की रिपोर्ट से तनाव में थी। उसने NSUI-BJD पर भी सवाल खड़े किए। उसने कहा कि जो पहले पीड़िता के खिलाफ थे, अब उसके लिए न्याय की मांग कर रहे हैं।
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विस्तार
ओडिशा के बालासोर में आत्मदाह करने वाली छात्रा के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। मृतका की मित्र के मुताबिक, पीड़िता कॉलेज की आंतरिक शिकायत समिति (ICC) की रिपोर्ट से तनाव में थी। प्रिंसिपल ने भी उससे कहा था कि समिति की रिपोर्ट में सब कुछ तुम्हारे खिलाफ है। बेहतरी इसी में है कि अपना आवेदन वापस ले लो, अन्यथा तुम्हारे खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
आत्मदाह करने वाली छात्रा की मित्र प्रियाशा महापात्रा ने बताया कि 30 जून को हम प्रिंसिपल के पास आवेदन देने गए थे। इस दौरान प्रिंसिपल ने कहा था कि एक अंत: विषय समिति बनाकर सबकुछ ठीक से जांचा जाएगा। तब हमें एहसास हुआ कि ऐसा कुछ नहीं होगा, क्योंकि कुछ एनएसयूआई सदस्यों ने आरोपी शिक्षक के पक्ष में एक हस्ताक्षर अभियान चलाया था। उन्होंने प्रिंसिपल को पीड़िता के खिलाफ आवेदन दिया था।
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आवेदन वापस लेने की बात से तनाव में थी पीड़िता
प्रियाशा के मुताबिक, इसके बाद पीड़िता को लगा कि प्रिंसिपल कोई कार्रवाई नहीं करेंगी, इसलिए उसने आंतरिक शिकायत समिति (ICC) को आवेदन दिया। 11 जुलाई को प्रिंसिपल ने पीड़िता से कहा, 'तुम दोषी हो। हमें ICC की रिपोर्ट मिल गई है और हम सात से आठ दिनों के बाद इसका खुलासा करेंगे। रिपोर्ट में सब कुछ पूरी तरह से तुम्हारे खिलाफ है। अपना आवेदन वापस ले लो, अन्यथा तुम्हारे खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।' इस बात को लेकर पीड़िता बेहद तनाव में थी।
पीड़िता को न्याय मिले, मुद्दे का राजनीतिकरण न करें: प्रियाशा
प्रियाशा के मुताबिक, इसके बाद पीड़िता ने कहा कि हम 12 जुलाई को दोपहर करीब 2 बजे ABVP के साथ धरना देंगे। 12 जुलाई को दोपहर करीब 1:30 बजे पीड़िता ने खुद को आग लगा ली। प्रियाशा ने कहा कि हम चाहते हैं कि पीड़िता को न्याय मिले। हम नहीं चाहते कि लोग इस मुद्दे का राजनीतिकरण करें।
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ICC के सदस्यों की भी होनी चाहिए जांच
मृतका की मित्र प्रियाशा ने कहा कि NSUI और BJD के सदस्य जो उसके खिलाफ खड़े थे, अब सड़कों पर न्याय की मांग कर रहे हैं। अगर उन्हें सचमुच न्याय चाहिए था, तो वे पहले उसके साथ क्यों नहीं खड़े हुए? उसने कहा कि ICC के सदस्यों की भी जांच होनी चाहिए। हम तब तक लड़ते रहेंगे, जब तक कि पीड़िता को न्याय नहीं मिल जाता।
CM माझी बता सकते हैं कि FIR क्यों दर्ज नहीं की गई: दास
ओडिशा कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास ने बालासोर आत्मदाह मामले को लेकर सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि मृतक छात्रा राज्य के एक मंत्री से बी मदद मांगने गई थी, लेकिन उन्होंने उसकी मदद नहीं की। उन्होंने कहा कि अगर मंत्री ने एफआईआर दर्ज करने में पीड़िता की मदद की होती, तो वह आज यहां होती। उन्होंने कहा कि आप बच्चों को जेल में डालने के लिए कानून का दुरुपयोग कर सकते हैं, और आप अपने ही एक छात्र को बचाने के लिए पुलिस से एफआईआर दर्ज करने के लिए नहीं कह सकते। उन्होंने सवाल किया कि क्या सीएम मोहन माझी जवाब दे सकते हैं कि इस मामले में एफआईआर क्यों दर्ज नहीं की गई? क्या शिक्षा मंत्री, सांसद या आंतरिक शिकायत समिति (ICC) में यह बताने की हिम्मत है कि एफआईआर क्यों दर्ज नहीं की गई?
#WATCH | Balasore self-immolation case | Bhubaneswar | Odisha Congress President Bhakta Charan Das says, "... That girl went to seek help from a state Minister too, but he didn't help her.... If he had helped her register an FIR, she would be here today... You can misuse the law… pic.twitter.com/WGRaEmjPYF
— ANI (@ANI) July 18, 2025
बीजद नेताओं ने न्यायिक जांच की मांग की
बीजद उपाध्यक्ष देबी प्रसाद मिश्रा ने कहा कि पार्टी ने आज मौन विरोध प्रदर्शन किया है, क्योंकि मौन अधिक शक्तिशाली होता है। उन्होंने कहा, 'बालासोर आत्मदाह मामले ने ओडिशा को बदनाम किया है। हमारी छात्र और युवा शाखा भी विरोध में सड़कों पर उतर आई है। हम अपना विचार दोहराते हैं कि इस मामले में न्यायिक जांच शुरू की जानी चाहिए। हम ओडिशा के लोगों की मांग पूरी होने तक यह आंदोलन जारी रखेंगे।'
#WATCH | Balasore self-immolation case | Bhubaneswar, Odisha | BJD Vice President Debi Prasad Mishra says, "BJD today organised a silent protest because silence is more powerful... This case has given a bad name to the state of Odisha... Our student and youth wing has also taken… pic.twitter.com/bol0fiZ8Ke
— ANI (@ANI) July 18, 2025
वहीं, बीजद नेता प्रताप जेना ने कहा कि राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराध हर दिन बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि न्यायिक जांच के बजाय, उन्होंने एक डीएसपी के नेतृत्व में अपराध शाखा से जांच करवा ली। हम इसकी आलोचना करते हैं।
#WATCH | Balasore self-immolation case | Bhubaneswar, Odisha | BJD leader Pratap Jena says, "... Crimes against women are increasing every day in Odisha. We demand a judicial inquiry into this case. Instead of a judicial inquiry, they got a crime branch inquiry headed by one DSP.… pic.twitter.com/bWj3PHKSvC
— ANI (@ANI) July 18, 2025
जांच के लिए बालासोर पहुंची यूजीसी की टीम
बालासोर आत्मदाह मामले की जांच करने के लिए यूजीसी की चार सदस्यीय तथ्य-खोज टीम बालासोर पहुंची है। टीम की सदस्य प्रो सुषमा यादव ने कहा, 'हमने जांच शुरू कर दी है। हमने दस्तावेज देखने के साथ ही संबंधित अधिकारियों से बात की है। हमने छात्रों से भी बात की है। हम ज्यादा से ज्यादा लोगों से जानकारी लेने की कोशिश करेंगे ताकि ऐसी दुर्घटनाएं दोबारा न हों।'
#WATCH | Balasore, Odisha: A four-member UGC fact-finding team reached Balasore to investigate the circumstances around the Balasore student self-immolation case.
— ANI (@ANI) July 18, 2025
A member, Prof. Sushma Yadav says, "We have reached today and we have begun (investigation) today. We have seen the… pic.twitter.com/4HHI52xm9L