{"_id":"5f9742d18ebc3e9b85057868","slug":"nitin-gadkari-said-necessary-action-should-be-taken-on-the-projects-delay","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रोजेक्ट में देरी के जिम्मेदारों पर कार्रवाई जरूरी : नितिन गडकरी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
प्रोजेक्ट में देरी के जिम्मेदारों पर कार्रवाई जरूरी : नितिन गडकरी
Tue, 27 Oct 2020 03:12 AM IST
Kuldeep Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Tue, 27 Oct 2020 03:12 AM IST
विज्ञापन
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी
- फोटो : एएनआई
केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने प्रोजेक्ट निर्माण में लेटलतीफी पर सख्त नाराजगी जताई है। उन्होंने इस तरह की देरी के जिम्मेदार अधिकारियों को एनपीए बताया और कहा कि इन्हें तत्काल सेवा से बर्खास्त किया जाना चाहिए।
विज्ञापन
गडकरी ने कहा, ऐसे अधिकारियों को दिखाया जाए बाहर का रास्ता
एनएचएआई के नए भवन के उद्घाटन अवसर पर गडकरी ने कहा कि इसका निर्माण पूरा होने में 9 साल लग गए। इस तरह की लेटलतीफी करने वलो अधिकारियों को तत्काल बाहर का रास्ता दिखाया जाना चाहिए। एनएचएआई लापरवाह अधिकारियों की नर्सरी बन गया है। ये रवैया अब बदलने की जरूरत है। इस तरह की देरी के लिए मुख्य महाप्रबंधक और महाप्रबंधक स्तर के अधिकारी ही जिम्मेदार होते हैं।
विज्ञापन
गडकरी ने सख्त लहजे में कहा, एनएचएआई के इस भवन की नींव 2011 में रखी गई थी। इस दौरान सात चेयरमैन आए और गए, जबकि वर्तमान आठवें चेयरमैन एसएस संधू के कार्यकाल में काम पूरा हो सका। इस तरह की लेटलतीफी पर शोध पत्र तैयार किया जाना चाहिए जिसमें देरी के जिम्मेदार सभी मुख्य महाप्रबंधकों और महाप्रबंधकों की तस्वीर लगाई जाए।
विज्ञापन
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ऐसे अधिकारियों को सार्वजनिक रूप से सम्मानित किए जाने की जरूरत है। कहा, जब 1 लाख करोड़ की लागत से बनने वाले दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे को तीन साल में पूरा करने का लक्ष्य है, तो एक भवन निर्माण में 9 साल का समय कैसे लग सकता है।