NIA: तमिलनाडु में एनटीके नेता के परिसरों पर एनआईए का छापा, पार्टी ने हाईकोर्ट का रुख किया
NIA: एनटीके ने अपने पार्टी पदाधिकारियों पर चल रहे एनआईए छापे के संबंध में मद्रास उच्च न्यायालय का रुख किया। मद्रास उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति एमएस रमेश और न्यायमूर्ति सुंदर मोहन आज दोपहर तत्काल याचिका पर सुनवाई करेंगे।
विस्तार
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने लिट्टे संगठन से धन मिलने की जानकारी के आधार पर शुक्रवार को तमिलनाडु स्थित नाम तमिलर काची (एनटीके) पार्टी के कई पदाधिकारियों के आवासों पर छापे मारे। सूत्रों के मुताबिक जिन लोगों के यहां छापे मारे गए उनमें एनटीके पदाधिकारी और यूट्यूबर सताई दुरईमुरुगन व अन्य शामिल हैं।
#WATCH | Sivaganga, Tamil Nadu: NIA conducts a raid at the premises of Naam Tamilar Katchi party's worker Vishnu Pratap in connection with getting funds from the LTTE organization. pic.twitter.com/kZqbVg6ZeJ
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— ANI (@ANI) February 2, 2024
लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (एलटीटीई) के फंड की संभावित लॉन्ड्रिंग में एनआईए टीमों ने त्रिची, कोयम्बटूर, शिवगंगा और तेनकासी में एनटीके पदाधिकारियों के आवासों पर छापे मारे। एनआईए प्रतिबंधित संगठन लिट्टे को फिर से शुरू करने से जुड़े मामले की जांच कर रही है। सूत्रों के मुताबिक सताई दुरईमुरुगन के अलावा एक अन्य एनटीके समर्थक और यूट्यूबर थेनागम विष्णु के परिसर पर भी तलाशी ली गई।
पिछले साल जून में, एनआईए ने भारत-श्रीलंका अवैध ड्रग्स और हथियार कारोबार मामले में तीन भारतीय और 10 लंकाई नागरिकों समेत 13 व्यक्तियों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था। एनआईए ने स्वत: संज्ञान लेते हुए पिछले साल 8 जुलाई को मामला दर्ज किया था और 13 लोेगों को गिरफ्तार किया था।
ये सब हुआ बरामद
छापों के दौरान एनआईए ने एक लैपटॉप, सात मोबाइल फोन, आठ सिम/मेमोरी कार्ड और चार पेन ड्राइव जब्त किए हैं। एनआईए प्रवक्ता ने कहा कि तलाशी के दौरान लिट्टे और उसके स्वयंभू मारे गए सुप्रीमो प्रभाकरण से जुड़े आपत्तिजनक दस्तावेज और किताबें भी बरामद की गईं।तमिलनाडु के रेत खनन मामले में ईडी ने कुर्क की 130 करोड़ की संपत्ति
प्रवर्तन निदेशालय(ईडी) ने तमिलनाडु में अवैध रेत खनन मामले में शनमुगम रामचंद्रन, करुप्पैया रेथिनम व पन्नीरसेल्वम करिकालन के खिलाफ धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत कार्रवाई करते हुए 130.60 करोड़ रुपये की संपत्ति को कुर्क किया है। ईडी के अधिकारी ने इस बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इसमें से रेत खनन में काम आने वाले 209 एक्सकेवेटर सहित 128.34 करोड़ की चल संपत्तियां शामिल हैं। इसके अलावा 35 बैंक खातों में 2.25 करोड़ रुपयों को भी कुर्क किया गया है। ईडी ने 2002 में राज्य की नदियों व घाटियों के तल से बड़े पैमाने पर अवैध रेत खनन के खिलाफ दर्ज विभिन्न एफआईआर और अन्य स्रोतों से मिली जानकारी के आधार पर जांच शुरू की है।