{"_id":"5c30d8ccbdec2257216b9285","slug":"ngt-charged-fine-of-rupees-100-carore-to-meghalaya-govt","type":"story","status":"publish","title_hn":"एनजीटी ने अवैध खनन को लेकर मेघालय सरकार पर लगाया 100 करोड़ रुपये का जुर्माना","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
एनजीटी ने अवैध खनन को लेकर मेघालय सरकार पर लगाया 100 करोड़ रुपये का जुर्माना
Sat, 05 Jan 2019 09:48 PM IST
Nilesh Kumar
भाषा, नई दिल्ली
भाषा, नई दिल्ली
Published by: Nilesh Kumar
Updated Sat, 05 Jan 2019 09:48 PM IST
विज्ञापन
NGT
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण यानि कि एनजीटी ने मेघालय में अवैध खनन पर रोक न लगा पाने को लेकर 100 करोड़ का जुर्माना लगाया है। राज्य में कोयला खदान पर लगाम लगाने में विफल रहने पर राज्य सरकार पर शुक्रवार को 100 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया।
विज्ञापन
खनन मामले में एमिकस क्यूरी के तौर पर एनजीटी की सहायता कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता ने कहा कि दो जनवरी को एनजीटी अध्यक्ष एके गोयल की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष उच्च स्तरीय समिति की एक रिपोर्ट पेश की गई थी, जिसमें कहा गया था कि मेघालय में ज्यादातर खदान बिना लीज या लाइसेंस के चल रही हैं।
विज्ञापन
एनजीटी ने इस पूर्वोत्तर राज्य में अवैध खनन पर लगाम लगाने में निष्क्रियता के लिए राज्य सरकार पर 100 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया। वरिष्ठ अधिवक्ता राज पंजावानी ने कहा कि जुर्माने की राशि दो महीने के भीतर केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड में जमा करानी होगी।
विज्ञापन
राज्य सरकार ने स्वीकारा, गैरकानूनी खदान चल रहे हैं
अधिवक्ता ने कहा कि सुनवाई के दौरान राज्य सरकार ने यह स्वीकार किया कि बड़ी संख्या में खदान गैरकानूनी तरीके से चल रही हैं।
मेघालय की पूर्वी जयंतिया हिल्स जिले के लुम्थारी गांव में 370 फुट गहरी अवैध कोयला खदान में 13 दिसंबर से कम से कम 15 मजदूर फंसे हुए हैं और बाढ़ग्रस्त खदान से पानी निकालने के सभी प्रयास बेनतीजा रहे।
उन्होंने बताया कि पीठ ने अपने आदेश में यह स्पष्ट कर दिया कि गैरकानूनी खदान मालिकों और इन खदानों के चलने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों से यह धनराशि वसूल की जा सकती है।
मेघालय में 24 हजार खदान, ज्यादातर गैरकानूनी
गौहाटी उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश बी पी काकोती की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय समिति की रिपोर्ट में कहा गया कि मेघालय में करीब 24,000 खदान हैं और उनमें से ज्यादातर गैरकानूनी रूप से चल रही हैं।
मेघालय के महाधिवक्ता अमित कुमार ने कहा कि उन्हें राज्य पर 100 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाने वाले एनजीटी के आदेश की सूचना मिल गई हैं। उन्होंने बताया कि विस्तृत आदेश कुछ दिनों में उपलब्ध होगा।