{"_id":"609ba1d18ebc3e25fd715af8","slug":"nehru-planetarium-director-doctor-nandivada-ratnashree-passes-away-due-to-covid-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना का कहर: नेहरू तारामंडल की निदेशक डॉ. नंदीवाड़ा का निधन, मई की शुरुआत हुआ था संक्रमण","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
कोरोना का कहर: नेहरू तारामंडल की निदेशक डॉ. नंदीवाड़ा का निधन, मई की शुरुआत हुआ था संक्रमण
Wed, 12 May 2021 03:07 PM IST
Tanuja Yadav
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Tanuja Yadav
Updated Wed, 12 May 2021 03:07 PM IST
सार
नेहरू तारामंडल की निदेशक डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री का निधन हो गया। मई की शुरुआत में वो कोविड संक्रमण की चपेट में आई थीं।
विज्ञापन
डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री
- फोटो : social media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नेहरू तारामंडल की निदेशक डॉक्टर नंदीवाड़ा रत्नाश्री का कोरोना वायरस से निधन हो गया है। डॉक्टर नंदीवाडा की उम्र 57 साल थी और रविवार को कोविड के इलाज के दौरान उनका निधन हो गया। 1996 में डॉक्टर रत्नाश्री ने नेहरू तारामंडल में वरिष्ठ शिक्षक के तौर पर काम शुरू किया था और 1999 में ही वो यहां की निदेशक बन गई थीं।
विज्ञापन
डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री को उनके लंबे कार्यकाल के दौरान कई नई पहल और परियोजनाओं के लिए श्रेय दिया गया। नेशनल काउंसिल फॉर साइंस एंड टेकनोलॉजी कम्यूनिकेशन के पूर्व निदेशक अनुज सिन्हा ने बताया कि डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री अपने काम के प्रति समर्पित थीं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री ने लोगों तक खगोल विज्ञान की जानकारी लाने के लिए दिन-रात काम करती थीं। उनके साथ काम करने का एक अलग अनुभव रहा है। उन्होंने ये सुनिश्चित करने की कोशिश की कि आकाश के अजूबे को देखा, सराहा और समझा जाए।
विज्ञापन
डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री के पति पैट्रिक दासगुप्ता दिल्ली विश्वविद्यालय में भौतिकी और खगोल भौतिकी विभाग में एक संकाय सदस्य हैं। डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री एस्ट्रोनॉमिकल सोसाइटी की भी सदस्य थीं। सोसाइटी ने डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री के समाज की प्रगति में दिए अपने योगदान को याद किया।
संस्था ने बताया कि 15 दिन पहले डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री एस्ट्रो अड्डा के आयोजन में जुटी थी, जिसके तहत हर पखवाड़े बच्चों के लिए एक ऑनलाइन सत्र शुरू किया जाता। मई की शुरुआत में डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री को कोरोना हुआ, जिसके बाद उनका इलाज शुरू हो गया और कुछ दिन बाद ही डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री इस खतरनाक वायरस के आगे हार गईं।
वहीं केंद्रीय संस्कृति मंत्री ने उनके परिवार के प्रति संवेदनाएं प्रकट की हैं। एक ट्वीट में मंत्रालय ने लिखा कि नेहरू तारामंडल की निदेशक डॉ. नंदीवाड़ा रत्नाश्री के निधन पर शोक प्रकट करते हैं। मंत्रालय ने आगे लिखा कि इस दुख की घड़ी में भगवान उनके परिवार को शक्ति दे।