फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   nandigram bypoll milan pradhan high court relief

मिलन प्रधान को बड़ी राहत: पुलिस की नई कार्रवाई पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक; क्या लड़ पाएंगे नंदीग्राम उपचुनाव?

Thu, 24 Sep 2026 06:50 PM IST
राकेश कुमार आईएएनएस/ पीटीआई, कोलकाता।
आईएएनएस/ पीटीआई, कोलकाता। Published by: राकेश कुमार Updated Thu, 24 Sep 2026 06:50 PM IST
सार

कलकत्ता हाईकोर्ट ने नंदीग्राम से कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान के खिलाफ 2007 के एक मामले में 12 अक्तूबर तक पुलिस की आगे की कार्रवाई पर रोक लगा दी है और उन्हें इस मामले में गिरफ्तार नहीं माना जाएगा। इसी दिन हाईकोर्ट की दो पीठों ने उन्हें नंदीग्राम उपचुनाव लड़ने देने की राय भी जताई। प्रधान 2007 के पुराने मामलों में गिरफ्तार हैं और चार मामलों में जमानत मांग रहे हैं। नंदीग्राम में 6 अक्तूबर को मतदान होना है।
 

विज्ञापन
nandigram bypoll milan pradhan high court relief
मिलन प्रधान को हाईकोर्ट से राहत - फोटो : @अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

कलकत्ता हाईकोर्ट ने कांग्रेस के नंदीग्राम उपचुनाव उम्मीदवार मिलन प्रधान को बड़ी राहत दी है। जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की पीठ ने पश्चिम बंगाल पुलिस को 2007 के एक मामले में 12 अक्तूबर तक प्रधान के खिलाफ कोई आगे की कार्रवाई करने से रोक दिया। अदालत ने यह भी कहा कि इस मामले में प्रधान को गिरफ्तार नहीं माना जाएगा।
विज्ञापन


गुरुवार को जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की सिंगल-जज बेंच ने आदेश दिया कि जिन दो मामलों में प्रधान पहले से ही न्यायिक हिरासत में हैं, उनके अलावा राज्य पुलिस कोई नया मामला दर्ज नहीं कर सकती और न ही उन्हें किसी नए मामले में गिरफ्तार दिखा सकती है।
विज्ञापन


जिस मामले में नई गिरफ्तारी दिखाई गई, कोर्ट ने उसी पर सवाल उठाया
मिलन प्रधान के वकील ने अदालत को बताया कि वह पहले से ही हिरासत में हैं और इसके बावजूद उन्हें एक अन्य 2007 के मामले में गिरफ्तार दिखाया गया। इस मामले में निचली अदालत ने उन्हें सात अक्तूबर तक न्यायिक हिरासत में भेजा था। हाईकोर्ट ने कहा कि राज्य की ओर से ऐसा कोई दस्तावेज पेश नहीं किया गया, जिससे यह साबित हो कि इस मामले का प्रोडक्शन वारंट प्रधान को दिया गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


19 साल पुराने मामले में अब कार्रवाई पर कोर्ट को हैरानी
जस्टिस भट्टाचार्य ने इस बात पर भी हैरानी जताई कि मामला 2007 का है, लेकिन जांच अधिकारी ने 19 सितंबर 2026 को प्रधान को इसमें 'शो अरेस्ट' करने की मांग की। अदालत ने पुलिस को फिलहाल इस मामले में कोई कदम नहीं उठाने का निर्देश दिया है।

दो बेंचों ने कहा- मिलन को चुनाव लड़ने दिया जाए
इसी दिन हाईकोर्ट की दूसरी पीठ ने भी मिलन प्रधान को नंदीग्राम उपचुनाव लड़ने देने की राय जताई। जस्टिस तीर्थंकर घोष चार मामलों में प्रधान की जमानत याचिका पर सुनवाई कर रहे थे। उन्होंने राज्य सरकार को इन मामलों की केस डायरी पेश करने का निर्देश दिया और कहा कि कांग्रेस उम्मीदवार को चुनाव लड़ने दिया जाना चाहिए। मामले में आगे की सुनवाई शुक्रवार को होगी।

18 सितंबर को हुई थी गिरफ्तारी
मिलन प्रधान को 18 सितंबर को नंदीग्राम और खेजुरी थानों में दर्ज 2007 के मामलों के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया था। ये मामले 2007 में जमीन अधिग्रहण के खिलाफ हुए आंदोलन के दौरान हुई हिंसा से जुड़े हैं। अलग-अलग मामलों में उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा गया है और उन्होंने चार मामलों में जमानत की मांग की है।

यह भी पढ़ेंराहुल गांधी का बड़ा दावा: कहा- भाजपा कई राज्यों में लगातार जीत रही, हमें 100% यकीन कि चुनावों में धांधली हुई


मिलन की पत्नी ने क्या कहा?
इस बीच, मिलन की पत्नी अर्पिता प्रधान ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो मैसेज पोस्ट करके अपने पति की गिरफ्तारी के समय पर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा, 'कांग्रेस द्वारा पार्टी उम्मीदवार के तौर पर उनके नाम की घोषणा किए जाने के तुरंत बाद मेरे पति को गिरफ्तार कर लिया गया। वे नियमित रूप से वोट देने जाते थे और त्योहारों के समय इलाके में ही रहते थे। इतने लंबे समय तक उन्हें गिरफ्तार नहीं किया गया। अब, कांग्रेस द्वारा उन्हें उपचुनाव का उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद उन्हें क्यों गिरफ्तार किया गया?'

अब नंदीग्राम चुनाव पर क्या असर पड़ेगा?
नंदीग्राम में छह अक्तूबर को उपचुनाव होना है और चुनाव प्रचार 4 अक्तूबर को खत्म होगा। ऐसे में मिलन प्रधान की गिरफ्तारी के बीच हाईकोर्ट की यह राहत महत्वपूर्ण है। फिलहाल एक 2007 के मामले में 12 अक्तूबर तक नई कार्रवाई पर रोक है, जबकि बाकी मामलों में उनकी जमानत याचिकाओं पर सुनवाई जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed