{"_id":"634c3b1c56ed6816f67e318a","slug":"manipur-govt-to-hold-house-to-house-survey-to-find-out-illegal-immigrants-cm","type":"story","status":"publish","title_hn":"N Biren Singh: मणिपुर के मुख्यमंत्री बोले- अवैध प्रवासी राज्य के लिए सबसे बड़ा खतरा, जल्द घर-घर होगा सर्वेक्षण","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
N Biren Singh: मणिपुर के मुख्यमंत्री बोले- अवैध प्रवासी राज्य के लिए सबसे बड़ा खतरा, जल्द घर-घर होगा सर्वेक्षण
Sun, 16 Oct 2022 10:51 PM IST
निर्मल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इम्फाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इम्फाल
Published by: निर्मल कांत
Updated Sun, 16 Oct 2022 10:51 PM IST
सार
मुख्यमंत्री ने बांग्लादेश और म्यामांर से अवैध प्रवासियों की आमद पर गंभीर चिंता जताई और कहा कि उन स्थानीय लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे जो ऐसे विदेशियों को किराए पर अपने घरों में रहने की अनुमति दे रहे हैं।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह (फाइल फोटो)
- फोटो : Facebook
विस्तार
मणिपुर के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने रविवार को कहा कि अवैध प्रवासी राज्य के लिए सबसे बड़ा खतरा हैं। उन्होंने घोषणा की कि ऐसे लोगों की पहचान के लिए जल्द ही घर-घर सर्वेक्षण किया जाएगा।
विज्ञापन
किराए पर घर देने वालों पर होगी कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने बांग्लादेश और म्यामांर से अवैध प्रवासियों की आमद पर गंभीर चिंता जताई और कहा कि उन स्थानीय लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे जो ऐसे विदेशियों को किराए पर अपने घरों में रहने की अनुमति दे रहे हैं।
विज्ञापन
आईएलपी मानदंडों का उल्लंघन करने पर 613 गिरफ्तार
उन्होंने संवाददाताओं को बताया कि बीते तीन-चार दिनों में इनर लाइन परमिट (परमिट) मानदंडों का उल्लंघन करने के आरोप में कुल 613 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
विज्ञापन
क्या है इनर लाइन परमिट?
आईएलपी, सरकार द्वारा जारी एक आधिकारिक दस्तावेज है जो किसी व्यक्ति की एक सीमित अवधि के लिए संरक्षित क्षेत्र में यात्रा की अनुमति देता है। मणिपुर में आईएलपी 2021 में लागू हुआ।
'अवैध प्रवासियों की पहचान करना बड़ी समस्या'
मुख्यमंत्री ने कहा कि अवैध प्रवासियों की पहचान करना अब एक बड़ी समस्या बन गई है। उन्होंने कहा, अवैध प्रवासियों का पता लगाने के लिए घर-घर जाकर सर्वेक्षण किया जाएगा। जो भी मकान मालिक अवैध प्रवासियों को अपने घर में पनाह देगा, उनके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
अवैध प्रवासियों को आश्रय न देने का किया आग्रह
सिंह ने कहा कि जब तक इस तरह के कदम नहीं उठाए जाते, राज्य की मूल आबादी को बचाना मुश्किल होगा। उन्होंने स्थानीय लोगों से आग्रह किया कि वे राज्य की छोटी सी आबादी की भाषा, संस्कृति और पहचान की रक्षा के लिए अवैध अप्रवासियों को आश्रय न दें। उन्होंने कहा कि देशभर में हमारे राज्य की आबादी सबसे छोटी है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि गिरफ्तार किए गए बांग्लादेशी व्यक्तियों में से एक ने 1990 में बिना किसी वैध दस्तावेज के मणिपुर में प्रवेश किया था। बाद में उसने एक स्थानीय मणिपुरी महिला से शादी की, आधार कार्ड हासिल किया और यहां तक राज्य में जमीन का एक टुकड़ा भी खरीदा।