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West Bengal: हिंसा प्रभावित मुर्शिदाबाद दौरे पर ममता; कहा- पीड़ित परिवारों को मुझसे मिलने नहीं दे रही भाजपा

Mon, 05 May 2025 03:13 PM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता Published by: बशु जैन Updated Mon, 05 May 2025 03:13 PM IST
सार

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मुर्शिदाबाद के दौरे पर पहुंची। वह दो दिन मुर्शिदाबाद जिले में रहेंगीं। साथ ही हिंसा पीड़ितों से मुलाकात करेंगीं। उन्होंने कहा कि मैं मुर्शिदाबाद पहले भी जा सकती थी, लेकिन अगर वहां शांति और स्थिरता नहीं है, तो हमें वहां जाकर अशांति नहीं फैलानी चाहिए।

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Mamata on Murshidabad tour; Said- Peace and stability have returned, said this on President's rule
ममता बनर्जी, सीएम, पश्चिम बंगाल - फोटो : ANIx

विस्तार

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सोमवार को हिंसा प्रभावित मुर्शिदाबाद के दो दिवसीय दौरे पर पहुंचीं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नहीं चाहती कि मैं पीड़ित परिवारों से मुलाकात करूं। इसलिए भाजपा ने दंगा प्रभावित परिवारों को अन्य स्थानों पर भेज दिया है।
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ममता बनर्जी ने कहा कि कुछ बाहरी लोग और धार्मिक नेता समुदायों के बीच हिंसा और दुश्मनी भड़काने की कोशिश कर रहे हैं। जो लोग दंगे भड़का रहे हैं वे पश्चिम बंगाल के दुश्मन हैं। उन्हें सांप्रदायिक हिंसा भड़काने के बजाय हमारी सीमाओं की रक्षा के लिए प्रयास करने चाहिए। ओडिशा में बंगाल के प्रवासी श्रमिकों पर हमले हो रहे हैं। यह निंदनीय है। केंद्र पर हमला बोलते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि जब आप कुर्सी पर होते हैं तो आप लोगों को धार्मिक आधार पर नहीं बांट सकते।
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इससे पहले मुर्शिदाबाद रवाना होते समय ममता बनर्जी कहा कि हिंसा प्रभावित मुर्शिदाबाद में अब शांति और स्थिरता लौट आई है। इसलिए मैं अब वहां जा रही हूं। इसके अलावा हिंसा को लेकर राज्यपाल सीवी आनंद बोस की रिपोर्ट को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे उनकी रिपोर्ट की कोई जानकारी नहीं है। न ही मुझे राज्य में राष्ट्रपति शासन को लेकर कुछ भी पता है।
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ममता बनर्जी ने कहा कि मैं मुर्शिदाबाद पहले भी जा सकती थी, लेकिन अगर वहां शांति और स्थिरता नहीं है, तो हमें वहां जाकर अशांति नहीं फैलानी चाहिए। मुर्शिदाबाद में स्थिरता बहुत पहले ही लौट आई है। आज मैं वहां जा रही हूं। उन्होंने कहा कि मुझे राज्यपाल सीवी आनंद बोस की ओर से गृह मंत्रालय को दी गई रिपोर्ट के बारे में कोई जानकारी नहीं है। राज्यपाल का स्वास्थ्य ठीक नहीं है। हम ईश्वर से उनके शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करें।

सीएम ने कहा कि मैं पहले बरहामपुर में जिला समीक्षा बैठक करूंगी। कल हिंसा प्रभावित धुलियान का दौरा करूंगी और उन लोगों को मुआवजा दूंगी जिनके घर और दुकानें क्षतिग्रस्त हो गईं।

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ममता बनर्जी ने कहा कि हमारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस पहलगाम आतंकी हमले के बाद राष्ट्रीय सुरक्षा के मामलों पर केंद्र सरकार के साथ खड़ी है। आंतरिक और बाह्य सुरक्षा से संबंधित मुद्दों पर सरकार के साथ है। हम यहां फूट डालो और राज करो की नीति नहीं अपना रहे हैं। पाकिस्तान रेंजर्स द्वारा हिरासत में लिए गए बीएसएफ जवान को लेकर उन्होंने कहा कि यह बहुत दुखद है। हमारी पार्टी के सांसद कल्याण बनर्जी उनके परिवार के संपर्क में हैं। सरकार भी संपर्क में है और हम चाहते हैं कि उन्हें जल्द से जल्द वापस लाया जाए।

दीघा जगन्नाथ मंदिर विवाद पर पश्चिम बंगाल की सीएम ने कहा कि हम पुरी के मंदिर का सम्मान करते हैं और हम जगन्नाथ धाम का भी सम्मान करते हैं। काली मंदिर और गुरुद्वारे देश भर में हर जगह हैं। मंदिर सभी जगहों पर हैं... इस मुद्दे पर इतना गुस्सा क्यों है?"

राज्यपाल ने गृह मंत्रालय को सौंपी थी रिपोर्ट
हाल ही में पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने मुर्शिदाबाद जिले में हाल में हुए दंगों पर केंद्रीय गृह मंत्रालय को रिपोर्ट सौंपी थी। इस रिपोर्ट में उन्होंने कहा था कि राज्य में कट्टरपंथ और उग्रवाद की दोहरी चुनौती पैदा कर रहे हैं।


रिपोर्ट में राज्यपाल ने सुझाव दिया कि बांग्लादेश सीमा से सटे जिलों में केंद्रीय बलों की चौकियां बनाई जाएं। एक जांच आयोग गठित किया जाए, पूरे घटनाक्रम की जांच करे। उन्होंने यह भी लिखा कि यह कहने की आवश्यकता नहीं है कि संविधान के अनुच्छेद 356 के प्रावधान भी बने रहेंगे। अनुच्छेद 356 का मतलब राष्ट्रपति शासन लागू करने से है। 

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हालांकि, एक अधिकारी ने स्पष्ट किया कि राज्यपाल ने अनुच्छेद 356 को लागू करने की सिफारिश नहीं की, केवल यह संकेत दिया कि अगर हालात और बिगड़ते हैं तो केंद्र के पास यह विकल्प है।  राज्यपाल ने आरोप लगाया था कि राज्य सरकार ने समुचित सुरक्षा व्यवस्था नहीं की। प्रशासन और पुलिस में ठोस तालमेल की कमी थी या उन्होंने जानबूझकर कार्रवाई नहीं की।

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