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Maharashtra: शिवसेना की दशहरा रैली पर उद्धव-शिंदे गुट में तकरार, दोनों ने BMC में किया आवेदन

Fri, 02 Sep 2022 08:02 PM IST
अभिषेक दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: अभिषेक दीक्षित Updated Fri, 02 Sep 2022 08:02 PM IST
सार

BMC के एक अधिकारी ने बताया कि दशहरा रैली के लिए शिवाजी पार्क की बुकिंग के लिए हमें पिछले महीने दो आवेदन प्राप्त हुए। पहला आवेदन 22 अगस्त को मिला। यह शिवसेना के ठाकरे गुट ने भेजा था। इसके बाद दूसरा आवेदन गणेशोत्सव से ठीक पहले शिंदे गुट ने भेजा था।

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Maharashtra Politics Uddhav-Shinde faction tussle over Shiv Sena Dussehra rally both applied to BMC
उद्धव ठाकरे और एकनाथ शिंदे - फोटो : Twitter@ CMO Maharashtra

विस्तार

शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे शिवसेना की वार्षिक दशहरा रैली को शिवाजी पार्क में आयोजित करने का एलान कर चुके हैं। इस पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे गुट ने कहा था कि ठाकरे गुट संस्थापक दिवंगत बाल ठाकरे के सिद्धांतों और विचारधारा को भूल गया है। उसे यह रैली करने का कोई अधिकार नहीं है। दरअसल, शिवसेना पिछले कई वर्षों से विशाल शिवाजी पार्क में इस रैली का आयोजन करती रही है। इस दौरान पार्टी संस्थापक दिवंगत बाल ठाकरे का भाषण भी होता था।

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इस बीच खबर मिली है कि मुंबई नगर निकाय को दशहरा रैली के लिए शिवाजी पार्क बुक करने के लिए शिवसेना के उद्धव ठाकरे और एकनाथ शिंदे गुट की ओर से आवेदन मिले हैं। BMC के एक अधिकारी ने बताया कि दशहरा रैली के लिए शिवाजी पार्क की बुकिंग के लिए हमें पिछले महीने दो आवेदन प्राप्त हुए। पहला आवेदन 22 अगस्त को मिला। यह शिवसेना के ठाकरे गुट ने भेजा था। इसके बाद दूसरा आवेदन गणेशोत्सव से ठीक पहले शिंदे गुट ने भेजा था।
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शिक्षक-स्नातक एमएलसी सीट की जरूरत नहीं: भाजपा विधायक 
इस बीच भारतीय जनता पार्टी के विधायक प्रशांत बंब ने शुक्रवार को कहा कि पहले के मुकाबले अब निर्वाचित प्रतिनिधि शिक्षित हैं। इसलिए महाराष्ट्र विधान परिषद में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे को अपनी पार्टी के साथ उठाएंगे। उन्होंने दावा किया कि पहले जनप्रतिनिधि कम पढ़े-लिखे थे, इसलिए स्नातकों और शिक्षकों की समस्याओं के बारे में बात करने के लिए सदन में प्रतिनिधित्व की आवश्यकता थी। आज सभी शिक्षित हैं और इसलिए स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की कोई आवश्यकता नहीं है।

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