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Maharashtra: शिंदे सरकार के विज्ञापन में बालासाहेब की तस्वीर गायब, संजय राउत बोले- यह मोदी-शाह की शिवसेना है
Tue, 13 Jun 2023 12:55 PM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
Published by: श्वेता महतो
Updated Tue, 13 Jun 2023 12:55 PM IST
सार
भाजपा के राज्य अध्यक्ष चंद्रशेखर बवनकुले ने कहा कि राज्य स्तरीय नेता होने के नाते जनता ने फडणवीस को दो बार मौका दिया। यहां भाजपा और शिवसेना के बीच कोई कॉम्पीटिशन नहीं है।
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संजय राउत
- फोटो : Social Media
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विस्तार
महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे गुट वाली शिवसेना ने मंगलवार को विभिन्न अखबारों में एक विज्ञापन जारी किया। इस विज्ञापन में शीर्षक भारत के लिए मोदी, महाराष्ट्र के लिए शिंदे का हवाला देते हुए एकनाथ शिंदे को भाजपा के देवेंद्र फडणवीस से अधिक तरजीह दी गई है।
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विज्ञापन में संस्थापक बाला साहेब ठाकरे की तस्वीर गायब
इस विज्ञापन को देखते हुए शिवसेना (यूबीटी) के संजय राउत ने इसे मोदी-शाह की शिवसेना बताई है। विज्ञापन में शिवसेना का चिंन्ह धनुष और बाण के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ शिंदे की तस्वीर लगी है। हालांकि, इस विज्ञापन में शिवसेना के संस्थापक स्वर्गीय बालासाहेब ठाकरे की तस्वीर नहीं थी।
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इस विज्ञापन के आंकड़े बता रहे हैं कि मुख्यमंत्री की कुर्सी में 26.1 फीसदी महाराष्ट्र के लोग एकनाथ शिंदे तो वहीं 23.2 फीसदी लोग देवेंद्र पडणवीस को देखना चाहते हैं। इस बात को ठुरकाया नहीं जा सकता है कि महाराष्ट्र के 49.3 फीसदी लोग भाजपा और शिवसेना गठबंधन वाली सरकार को देखना चाहते हैं।
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महाराष्ट्र की जनता को भाजपा-शिवसेना गठबंधन वाली सरकार पर भरोसा
इस विज्ञापन में जारी आंकड़े और दावे मीडिया संस्थान द्वारा लिए गए हैं। विज्ञापन के जरिए बताया गया कि चुनावी सर्वे के अनुसार महाराष्ट्र के 30.2 फीसदी जनता भाजपा को जबकि 16.2 फीसदी शिवसेना (एकनाथ शिंदे) को पसंद करती है। ये आंकड़े दर्शाते हैं कि राज्य के विकास के लिए 46.4 फीसदी जनता भाजपा और एकनाथ शिंदे की शिवसेना की गठबंधन पर भरोसा करती है।
संजय राउत ने बताया मोदी-शाह की शिवसेना
इस विज्ञापन का जवाब देते हुए उद्धव ठाकरे गुट वाली शिवसेना के नेता संजय राउत ने इसे मोदी-शाह शिवसेना बताया। उन्होंने कहा- 'यह पहले बालासाहेब की शिवसेना थी, लेकिन इस विज्ञापन ने बता दिया कि अब यह मोदी-शाह की शिवसेना है। विज्ञापन में स्वर्गीय बालासाहेब ठाकरे की तस्वीर कहां है?'
भाजपा के राज्य अध्यक्ष चंद्रशेखर बवनकुले ने विज्ञापन का बचाव करते हुए कहा- 'चुनावी नतीजे यह निर्णय लेती है कि वोटरों ने कौन सी पार्टी या नेता का चुनाव किया है। शिंदे पहले कैबिनेट नेता के तौर पर मशहूर थे, लेकिन अब उनकी स्वीकार्यता बढ़ गई है। महाराष्ट्र की जनता को फडणवीस, शिंदे और मोदी से बहुत उम्मीदें हैं।'
उन्होंने कहा कि राज्य स्तरीय नेता होने के नाते जनता ने फडणवीस को दो बार मौका दिया। यहां भाजपा और शिवसेना के बीच कोई कॉम्पीटिशन नहीं है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने बताया नकली सर्वे
कांग्रेस के महाराष्ट्र यूनिट के मुख्य प्रवक्ता अतुल लोंधे ने इसे एक नकली सर्वे बताते हुए एकनाथ शिंदें पर खुद का प्रचार करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा- 'एक बार यह चुनाव खत्म हो जाए, महाविकास अघाड़ी दल लोकसभा में 42 से अधिक और विधानसभा चुनाव में 200 सीटें जीतेंगी। एक नई कहानी लिखी जाएगी, जिसमें कहा जाएगा- 'एक था शिंदे'।' महाराष्ट्र में 48 लोकसभा सीटें और 288 विधानसभा क्षेत्र हैं। महाविकास अघाड़ी, शिवसेना(यूबीटी), कांग्रेस और एनसीपी ने दावा किया है कि वह अधिकतम समन्वय के साथ चुनाव लड़ेगें।
ड्राई डे की संख्या घटाने पर विचार कर सकती है सरकार: मंत्री
महाराष्ट्र के आबकारी मंत्री शंभूराज देसाई ने मंगलवार को संकेत दिया कि अगर लोग मांग करते हैं तो सरकार शराब बिक्री की अनुमति नहीं देने पर ड्राई डे की संख्या कम करने के लिए तैयार है। शराब की बिक्री और इसकी सेवा पर प्रतिबंध लगाने पर सरकार की ओर से ड्राई डे घोषित किया जाता है। राष्ट्रीय अवकाश जैसे स्वतंत्रता दिवस, और गणतंत्र दिवस के साथ-साथ महात्मा गांधी की जयंती और पुण्यतिथि को शुष्क दिनों में गिना जाता है। कुछ त्योहारों और धार्मिक दिनों को भी राज्य सरकार द्वारा शुष्क दिवस घोषित किया जाता है।