महाड़ पुल हादसाः उफनती नदी से 14 शव और बरामद
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मुंबई-गोवा हाईवे पर रायगढ़ में सावित्री नदी पर पुल टूटने से हुए हादसे में 14 शव और बरामद हुए हैं। ये शव एनडीआरएफ की टीम ने सावित्री नदी से ही बरामद किए हैं। इससे पहले दो शव और बरामद किए जा चुके हैं। हालांकि इससे पहले मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने विधानसभा में आठ शव मिलने की जानकारी दी थी।
बता दें कि मंगलवार रात महाड़ में सावित्री नदी पर बना अंग्रेजों के जमाने के पुल का बड़ा हिस्सा भारी बारिश के कारण टूट कर नदी में समा गया था। हादसे में दो बस और कई कारों सहित 40 से ज्यादा लोग उफनती नदी में बह गए थे। प्रशासन ने लापता हुए लोगों की तलाश में युद्ध स्तर पर राहत कार्य चलाया था।
हालांकि नदी में बहे लोगों के बचने की उम्मीद कम ही थी। लापता लोगों की तलाश में एनडीआरएफ की टीम को लगाया गया था। दो दिनों की कड़ी मशक्कत के बाद एनडीआरएफ की टीम ने एक दिन पहले दो शवों की तलाश की थी।
हादसे में 40 से ज्यादा लोगों के डूबने की आशंका
इसके बाद गुरुवार को 14 शव और बरामद किए गए। इनमें से तीन शव महिलाओं के और 11 पुरुषों के हैं। हालांकि हादसे में नदी में बहे लोगों की संख्या को लेकर अभी भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
रायगढ़ के डिप्टी कलेक्टर ने शुरूआत में 22 लोगों के नदी में डूबने की आशंका जताई थी लेकिन मीडिया रिपोर्ट्स में यह संख्या 40 के करीब बताई गई। हालांकि माना जा रहा है कि दो बसों और कई कारों में 50 से ज्यादा लोग सवार रहे होंगे।
वहीं हादसे के बाद मुख्यमंत्री ने मामले की न्यायिक जांच के आदेश दिए थे। बताया जाता है कि जो पुल टूटकर नदी में बहा था उसे कुछ दिन पहले शासन की टीम ने यातायात के लिए हरी झंडी दी थी। शासन ने हादसे में मरने वाले लोगों के लिए मुआवजे की घोषणा की है। वहीं परिवहन निगम की दोनों बसों के ड्राइवरों के आश्रितों को सरकारी नौकरी का आश्वासन दिया गया है।