पीएमओ में नरेंद्र मोदी का संबोधन: मेरी सोच आपलोगों को प्रभावी नहीं, दक्ष बनाने की है
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17वीं लोकसभा के लिए हुए चुनाव में मतदाताओं ने प्रचंड बहुमत के साथ देश की बागडोर फिर नरेंद्र मोदी के हाथों में सौंप दी। लोकसभा चुनाव में भाजपा 303 सीटें जीत चुकी है, जबकि एनडीए गठगबंधन को 352 सीटें हासिल हुई हैं। अब देश की नजर शपथग्रहण से लेकर 'मोदी 2.0' के कैबिनेट गठन पर है। शपथ ग्रहण से पहले नरेंद्र मोदी पीएमओ के अधिकारियों और कर्मियों को संबोधित किया।
नरेंद्र मोदी ने कहा कि
- मेरी सोच पीएमओ को प्रभावी बनाने की नहीं है, बल्कि दक्ष बनाने की है।
- प्रभावी बनाने से होता ये है कि हम अपनी जिम्मेदारी दूसरों पर फेंकते रहते हैं। कोई काम है तो एक व्यक्ति दूसरे को कहेगा, ये कर दो। दूसरा तीसरे को कहेगा, भाई ये कर देना, जरुरी है।
- जबकि दक्षता का लाभ यह है कि कोई काम पहले व्यक्ति के पास ही पूरा हो जाता है। यह इसके फायदे हैं।
- मैं, मेरे भीतर के छात्र को मरने नहीं देता, जीवित रखता हूं। इससे मुझे आपलोगों से बहुत कुछ सीखने का अवसर मिला है।
- मैं, हमेशा से लोगों से कुछ न कुछ सीखता आया हूं। आगे भी सीखता रहूंगा।
लोकसभा चुनाव में मिली बड़ी जीत के बाद और शपथग्रहण से पहले पीएमओ में नरेंद्र मोदी का यह पहला संबोधन हुआ। मालूम हो कि भाजपा को प्रचंड बहुमत से मिली जीत के बाद नरेंद्र मोदी रविवार को अपनी मां हीराबा का आशीर्वाद लेने गुजरात जाएंगे। रविवार के बाद वह अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी जाएंगे और उन पर एक बार फिर विश्वास जताने और भारी जीत दिलाने वाले काशी के लोगों का आभार जताएंगे।
Will be going to Gujarat tomorrow evening, to seek blessings of my Mother. Day after tomorrow morning, I will be in Kashi to thank the people of this great land for reposing their faith in me.
— Narendra Modi (@narendramodi) May 25, 2019