बिहार की सबसे हाई-प्रोफाइल सीट बनी पटना साहिब, शत्रुघ्न और रविशंकर आमने-सामने
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पटना साहिब बिहारी की सबसे हाई-प्रोफाइल लोकसभा सीट है। यहां कांग्रेस से शत्रुघ्न सिन्हा और भाजपा से केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद 17वें लोकसभा चुनाव के लिए मैदान में हैं। 30 साल भाजपा में रहने के बाद शत्रुघ्न सिन्हा ने हाल ही में कांग्रेस का दामन थामा। वह इस सीट से मौजूदा सांसद भी हैं। फिल्मों से राजनीति में आए शत्रुघ्न सिन्हा ने साल 2014 में मोदी लहर की बदौलत इस सीट से कांग्रेस उम्मीदवार और भोजपुरी फिल्मों के अभिनेता कुणाल सिंह को ढ़ाई लाख से ज्यादा वोटों से हराया था। वह इसी सीट से साल 2009 में भी चुनाव जीत चुके हैं। आइए बिहार की पटना साहिब लोकसभा सीट के बारे में सबकुछ जानते हैं...
लोकसभा सीट- पटना साहिब
निर्वाचन क्षेत्र की संख्या- 30
कुल मतदाता- 19,46,249
महिला मतदाता- 8,93,971
पुरुष मतदाता- 10,52,278
आरक्षित सीट- 0
# पटना साहिब सीट साल 2008 में पटना लोकसभा सीट के परिसीमन के बाद बनी।
विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र
-बख्तियारपुर
-दीघा
-बांकीपुर
-कुम्हरार
-फतुहा
-पटना साहिब
# वोटिंग- इस सीट के लिए वोटिंग 19 मई को होगी।
इस सीट पर 2009 से लेकर अब तक शत्रुघ्न सिन्हा मौजूदा सांसद हैं। वैसे इस सीट को भारतीय जनता पार्टी का गढ़ माना जाता है। यही वजह है कि भाजपा से बागी होकर जब शत्रुघ्न सिन्हा कांग्रेस में शामिल हुए तो उन्हें इसी सीट से टिकट दिया गया। 2009 में कांग्रेस ने इस सीट पर अभिनेता शेखर सुमन को मैदान में उतारा था। लेकिन वह शत्रुघ्न सिन्हा से चुनाव हार गए और इसके बाद उन्होंने राजनीति से किनारा कर लिया।
रविशंकर प्रसाद ने भरा नामांकन
केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद इस सीट से अपना नामांकन दाखिल कर चुके हैं। उनका कहना है कि इस क्षेत्र के विकास के लिए मेरा एजेंडा स्पष्ट है। यहां सड़कों की व्यवस्था को लगातार दुरूस्त किया जा रहा है। इसके अलावा पटना मेट्रो को लाया गया है और इसका विस्तार किया जायेगा। पटना को स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित करने की पहल की जा रही है। इनमें मेरी भूमिका है। वहीं, शत्रुघ्न सिन्हा ने अभी इस सीट से नामांकन नहीं भरा है। वह नवरात्र के मौके पर कांग्रेस में शामिल हुए थे। उन्होंने कांग्रेस में शामिल होते ही सबसे ज्यादा निशाना पीएम मोदी और अमित शाह पर साधा था। उनका कहना था कि भाजपा में उन्होंने लोकशाही को धीरे-धीरे तानाशाही में परिवर्तित होते देखा है। पार्टी में यशवंत सिन्हा, मुरली मनोहर जोशी, अरुण शौरी जैसे कद्दावर शख्सियतों को निपटा दिया गया। उन्होंने भाजपा के लिए कहा था कि यह वन मैन शो और टू मैन आर्मी की सरकार है।