फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Legal volunteers filed over 3000 claims in Bihar SIR, EC claims political parties not assisting

Bihar SIR: कोर्ट में EC का दावा- कानूनी स्वयंसेवकों ने दर्ज किए 3000 से अधिक दावे, मदद नहीं कर रहे राजनीतिक दल

Mon, 15 Sep 2025 07:37 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली। Published by: निर्मल कांत Updated Mon, 15 Sep 2025 07:37 PM IST
सार

Bihar SIR: चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि बिहार में मतदाता सूची के एसआईआर के दौरान राजनीतिक दल और एनजीओ मतदाताओं की मदद नहीं कर रहे हैं, जबकि कानूनी सहायता देने वाले स्वयंसेवकों ने तीन हजार से अधिक दावे दर्ज किए हैं। शीर्ष कोर्ट ने इस आंकड़े पर हैरानी जताई। 

विज्ञापन
Legal volunteers filed over 3000 claims in Bihar SIR, EC claims political parties not assisting
सुप्रीम कोर्ट - फोटो : एएनआई (फाइल)

विस्तार

चुनाव आयोग ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान राजनीतिक दल और गैर-सरकारी संगठन (एनजीओ) प्रत्येक मतदाता को मदद नहीं कर रहे हैं। वहीं, कानूनी सहायता देने वाले स्वयंसेवकों ने पिछले पंद्रह दिनों में तीन हजार से ज्यादा ऑनलाइन दावे दर्ज किए हैं। 
विज्ञापन

 
जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जयमाल्या बागची की खंडपीठ ने इस आंकड़े पर हैरानी जताई और कहा कि एक सितंबर तक कानूनी मदद देने वाले स्वयंसेवकों ने राजनीतिक दलों मतदाताओं की मदद करते हुए 3,311 दावे, आपत्तियां और सुधार दर्ज किए हैं। इनमें से 1,027 मामलों का समाधान हो चुका है। 
विज्ञापन


जस्टिस सूर्यकांत ने राष्ट्रीय कानूनी सेवा प्राधिकरण (नालसा) की रिपोर्ट पढ़ते हुए कहा कि जिला कानूनी सेवा प्राधिकरणों (डीएलएसए) से मिली जानकारी के मुताबिक अब तक 3,311दावे या आपत्तियां ऑनलाइन दाखिल की गई हैं, जो कानूनी सहायता देने स्वयंसेवकों की मदद से की गई हैं। इनमें से 1,027 मामलों का निपटारा किया गया है और ये स्वयंसेवक आगे भी मतदाताओं की मदद जारी रखेंगे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: मणिपुर हिंसा और म्यांमार लिंक पर कोर्ट सख्त, सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी आनंद की जमानत पर NIA से मांगी रिपोर्ट


चुनाव आयोग की ओर से वरिष्ठ वकील राकेश द्विवेदी ने कहा कि यह हकीकत है कि इन स्वयंसेवकों ने 3,000 से अधिक दावे दर्ज किए हैं, जिन्हें अब प्रक्रिया में लिया जा रहा है। वहीं, कोई भी राजनीतिक दल या एनजीओ मतदाताओं की व्यक्तिगत रूप से मदद के लिए आगे नहीं आया है। 
 
एक सितंबर को सुप्रीम कोर्ट ने बिहार के एसआईआर में उत्पन्न भ्रम को 'अधिकतर विश्वास का मुद्दा' बताया था। कोर्ट ने राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरण को निर्देश दिया था कि वह कानूनी मदद देने वाले स्वयंसेवकों को तैनात करे, ताकि मतदाताओं और राजनीतिक दलों के दावे और आपत्तियां दर्ज कराने में मदद हो सके। मसौदा मतदाता सूची एक अगस्त को प्रकाशित हुई थी। खंडपीठ ने कहा कि कानूनी स्वयंसेवक संबंधित जिला न्यायाधीशों को एक गोपनीय रिपोर्ट जमा करेंगे और पूरे राज्य के आंकड़ों पर आठ सितंबर को विचार किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed