{"_id":"662d20dc23d95f13c9057181","slug":"kerala-governor-gives-assent-to-five-pending-bills-2024-04-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kerala: राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने पांच विधेयकों पर लगाई मुहर, लंबे समय से चल रहा गतिरोध हुआ खत्म","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Kerala: राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने पांच विधेयकों पर लगाई मुहर, लंबे समय से चल रहा गतिरोध हुआ खत्म
Sat, 27 Apr 2024 09:29 PM IST
मिथिलेश नौटियाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
Published by: मिथिलेश नौटियाल
Updated Sat, 27 Apr 2024 09:29 PM IST
सार
Kerala: केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने उन पांच विधेयकों को सहमति दे दी है, जो कि काफी समय से लंबित पड़े थे। इन विधेयकों को चर्चा के लिए राज्य सरकार के पास भेजा गया था।
विज्ञापन
केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने राज्य विधानसभा द्वारा पारित उन पांच विधेयकों को सहमति दे दी है, जो काफी समय से लंबित थे। विधेयकों में भूमि असाइनमेंट संशोधन विधेयक, केरल सहकारी समितियां (संशोधन), धान वेटलैंड संशोधन विधेयक, डेयरी सहयोग विधेयक और आबकारी कानून संशोधन विधेयक शामिल हैं।
विज्ञापन
कुछ दिन पहले दी गई थी सहमति- राज्यपाल
राज्यपाल ने कहा कि इसकी सहमति कुछ दिन पहले ही दे दी गई थी। इसका विवरण आज सामने आया क्योंकि केरल में 26 अप्रैल को आम चुनाव के तहत मतदान संपन्न हुआ है। उन्होंने कहा कि विधेयकों के पक्ष और विपक्ष में कई याचिकाएं मिलीं थीं। इसलिए इन्हें चर्चा के लिए सरकार के पास भेजा गया। इसके बाद इसका मूल्यांकन करने में थोड़ा समय लगा और तब जाकर सहमति बन पाई। उधर कांग्रेस ने इस पर तंज कसते हुए कहा है कि जब वाम सरकार संकट में होती है, तो बचाव के लिए राज्यपाल आ जाते हैं।
विज्ञापन
राज्यपाल के विरोध में एलडीएफ ने की थी हड़ताल
सत्तारूढ़ वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) ने पहले राज्यपाल के विरोध में 9 जनवरी को इडुक्की जिले में हड़ताल की थी। आरोप लगाया गया कि खान ने केरल सरकार भूमि असाइनमेंट (संशोधन) विधेयक 2023 को अपनी सहमति देने से इनकार कर दिया था। इस दौरान एलडीएफ ने राजभवन तक मार्च भी निकाला था।
विज्ञापन
केरल सरकार ने इडुक्की जिले के लोगों की दशकों पुरानी मांग को ध्यान में रखते हुए 14 सितंबर, 2023 को केरल विधानसभा में विधेयक पारित किया था। इसके बाद विधेयकों को मंजूरी देने में राज्यपाल की ओर से अत्यधिक देरी का आरोप लगाकर वामपंथी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था।