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विवाद: वैक्सीन के मुद्दे में भी टपक गया पाकिस्तान, भाजपा ने कहा- माफी मांगें केजरीवाल
Wed, 26 May 2021 11:43 PM IST
Jeet Kumar
अमित शर्मा, नई दिल्ली
अमित शर्मा, नई दिल्ली
Published by: Jeet Kumar
Updated Wed, 26 May 2021 11:43 PM IST
सार
- केंद्र सरकार द्वारा राज्यों को अपने लिए वैक्सीन खरीदने की सलाह देने पर भड़के सीएम
- केजरीवाल ने कहा- पाकिस्तान हमला कर देगा तब भी केंद्र कहेगा कि अपनी-अपनी रक्षा करें राज्य
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Arvind Kejriwal
- फोटो : ANI
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विस्तार
देश की सियासत कुछ ऐसी हो चली है कि यहां कोई भी मामला हो, उसमें पाकिस्तान का मुद्दा किसी न किसी तरह आ ही जाता है। कोरोना की महामारी के मामले में भी पाकिस्तान का मुद्दा उछल गया है।
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दरअसल, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को यह बयान दे दिया कि वैक्सीन खरीदने का काम केंद्र सरकार का है और उसे ही वैक्सीन खरीदकर राज्यों को देना चाहिए।
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इसी क्रम में केजरीवाल ने कह दिया कि क्या अगर पाकिस्तान देश पर आक्रमण कर देगा तो केंद्र सरकार राज्यों से ख देगी कि सभी राज्य अपनी-अपनी रक्षा करें। उन्होंने कहा कि यह महामारी एक युद्ध है और दिल्ली या महाराष्ट्र, किसी एक भी राज्य के हारने का मतलब भारत के हारने जैसा होगा। यह युद्ध हम नहीं हार सकते।
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अरविंद केजरीवाल के इस बयान में से पाकिस्तान का मुद्दा लेकर भाजपा उन पर हमलावर हो गई है। भाजपा नेता संबित पात्रा ने आरोप लगाया है कि अरविंद केजरीवाल हर तरह से केवल चर्चा में बने रहने की कोशिश करते हैं और बार-बार केवल टीवी पर आकर अपना प्रचार करने की कोशिश करते हैं।
उन्हें हर मुद्दे पर झगड़ा करने और राजनीति करने की बजाय काम करने पर ध्यान देना चाहिए और दिल्ली में लोगों को कोरोना से बचाने के लिए काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्हें पाक्सितान से जुड़े अपने बयान के लिए देश से माफ़ी मांगनी चाहिए।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि आज अरविंद केजरीवाल दो बार टीवी पर आये और दोनों ही बार उन्होंने जनता को कोई विशेष सन्देश देने की बजाय केवल अपनी छवि चमकाने की ही कोशिश की। उन्होंने कहा कि एक तरफ जहां दिल्ली में कोरोना के केस कम हो रहे हैं और जनता को संक्रमण से राहत मिलती दिख रही है, वहीं मुख्यमंत्री केवल अपनी छवि चमकाने की कोशिश कर रहे हैं।
तीन महीने में सबको देनी थी वैक्सीन
दरअसल, दिल्ली सरकार ने राजधानी के सभी लोगों को तीन महीने के अंदर पूरी तरह वैक्सीन देने का लक्ष्य निर्धारित किया था। इसके लिए तेजी से वैक्सीनेशन अभियान भी शुरू किया गया था। लेकिन जल्दी ही दिल्ली की सारी वैक्सीन ख़त्म हो गई और उसे अब नई वैक्सीन नहीं मिल रही है।
दिल्ली सरकार पिछले 15 दिनों से राजधानी को कम वैक्सीन मिलने का मुद्दा उठाती रही है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, स्वास्थ्य मंत्री सत्येन्द्र जैन और अन्य नेता लगातार प्रेस कांफ्रेंस कर वैक्सीन की कमी का मुद्दा उठा रहे हैं। सीएम ने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सिसोदिया ने स्वास्थ्य मंत्री को पत्र तक लिख चुके हैं लेकिन अभी तक दिल्ली को वैक्सीन नहीं मिल पाई है।
इसलिए भड़के केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को कहा कि सभी राज्यों को अपने लिए अपने स्तर पर वैक्सीन खरीदने की सलाह दी जा रही है। क्या अगर पाकिस्तान देश पर आक्रमण कर देगा क्या तब भी केंद्र सरकार उन्हें यही कहेगी कि सभी राज्य अपनी-अपनी रक्षा करें।
उन्होंने कहा कि कोरोना की महामारी एक युद्ध है और इसमें दिल्ली हो या महाराष्ट्र, किसी एक राज्य के भी हारने का मतलब भारत के हारने जैसा होगा और हम यह युद्ध नहीं हार सकते। उन्होंने कहा कि जो काम केंद्र सरकार का है उसे केंद्र सरकार को ही करना चाहिए। केंद्र सरकार वैक्सीन खरीदकर इसे राज्यों को सौंपे।
भाजपा ने कहा
दिल्ली भाजपा प्रदेश प्रवक्ता नेहा शालिनी दुआ ने कहा कि सच्चाई तो यह है कि अरविंद केजरीवाल सरकार कोरोना के हर मोर्चे पर फेल साबित हुई है। वह लोगों को ऑक्सीजन देने से लेकर अस्पतालों तक बेड्स देने में नाकाम साबित हुई है।
जब तक केंद्र सरकार ने दिल्ली का सहयोग नहीं किया, तब तक वह लोगों को बेड्स तक उपलब्ध कराने की स्थिति में नहीं थी। लेकिन वे इस तरह प्रचार करके केवल अपनी नाकामियों को छिपाने की कोशिश करते हैं।