{"_id":"66d9a1e8c7a897fa610377da","slug":"karnataka-wormen-rape-and-murder-case-investigation-state-ministers-reaction-news-in-hindi-2024-09-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Karnataka: बीदर में महिला की दुष्कर्म के बाद हत्या, तीन गिरफ्तार; मंत्रियों ने कड़ी कार्रवाई का दिया भरोसा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Karnataka: बीदर में महिला की दुष्कर्म के बाद हत्या, तीन गिरफ्तार; मंत्रियों ने कड़ी कार्रवाई का दिया भरोसा
Thu, 05 Sep 2024 05:49 PM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू
Published by: श्वेता महतो
Updated Thu, 05 Sep 2024 05:49 PM IST
सार
महिला 29 अगस्त से लापता थी। लापता होने के दो दिन बाद उसके परिजन ने बसवकल्याण थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी और महिला एक-दूसरे को जानते थे, लेकिन मृतक के माता-पिता को इसकी जानकारी नहीं थी। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है।
विज्ञापन
कर्नाटक के मंत्रियों ने की घटना की निंदा
- फोटो : ANI (Video Grab)
विस्तार
कर्नाटक में बीदर जिले के गुनातीर्थवाड़ी गांव में घर से लापता हुई 19 वर्षीय महिला का शव मिलने के बाद दुष्कर्म और हत्या का मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने इस घटना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। एक अधिकारी ने कहा कि महिला के सिर को पत्थर से कुचलकर शव को झाड़ियों में फेंक दिया गया था। पुलिस के अनुसार, महिला से दुष्कर्म किया गया है। हालांकि, इसकी पुष्टि के लिए मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार है। कर्नाटक के मंत्रियों ने इस घटना की निंदा की।
महिला 29 अगस्त से लापता थी। लापता होने के दो दिन बाद उसके परिजन ने बसवकल्याण थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इस मामले में एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "हमने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एक सितंबर को उसका शव बरामद हुआ, जिसपर चोट के कई निशान थे। हमने शुरू में हत्या का मामला दर्ज किया। फिर तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हमने आरोपियों की तलाश शुरू की और हमें तीन लोग मिले जो उसके लापता होने के दिन उसके संपर्क में थे।"
उन्होंने आगे कहा, "घटना में शामिल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। हम पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। उसे सिर के अलावा अन्य जगहों पर भी चोट के निशान मिले हैं। यौन उत्पीड़न के संदेह और पूछताछ के आधार पर हमने प्राथमिकी में बलात्कार से संबंधित धाराएं जोड़ दी हैं।" पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी और महिला एक-दूसरे को जानते थे, लेकिन मृतक के माता-पिता को इसकी जानकारी नहीं थी। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है।
विज्ञापन
राज्य मंत्रियों ने प्रतिक्रिया दी
इस घटना पर कर्नाटक की महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी हेब्बालकर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "यह बहुत ही घृणित कृत्य है। कब हमारे लोगों को अक्ल आएगी। हम कितने ही शिक्षित और संस्कारी क्यों न हो जाए, इससे फर्क नहीं पड़ता। हमें इन चीजों को रोकना होगा। इसमें शामिल अपराधियों को फांसी होनी चाहिए।"
राज्य मंत्री एचके पाटिल ने कहा, "यह मेरे लिए एक खबर है, लेकिन मैं इसकी निंदा करता हूं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कर्नाटक में सख्त से सख्त कानून लागू करने की आवश्यकता है।"
विज्ञापन
महिला 29 अगस्त से लापता थी। लापता होने के दो दिन बाद उसके परिजन ने बसवकल्याण थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इस मामले में एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "हमने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एक सितंबर को उसका शव बरामद हुआ, जिसपर चोट के कई निशान थे। हमने शुरू में हत्या का मामला दर्ज किया। फिर तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर हमने आरोपियों की तलाश शुरू की और हमें तीन लोग मिले जो उसके लापता होने के दिन उसके संपर्क में थे।"
विज्ञापन
उन्होंने आगे कहा, "घटना में शामिल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। हम पीड़िता की मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। उसे सिर के अलावा अन्य जगहों पर भी चोट के निशान मिले हैं। यौन उत्पीड़न के संदेह और पूछताछ के आधार पर हमने प्राथमिकी में बलात्कार से संबंधित धाराएं जोड़ दी हैं।" पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी और महिला एक-दूसरे को जानते थे, लेकिन मृतक के माता-पिता को इसकी जानकारी नहीं थी। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है।
विज्ञापन
राज्य मंत्रियों ने प्रतिक्रिया दी
इस घटना पर कर्नाटक की महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी हेब्बालकर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, "यह बहुत ही घृणित कृत्य है। कब हमारे लोगों को अक्ल आएगी। हम कितने ही शिक्षित और संस्कारी क्यों न हो जाए, इससे फर्क नहीं पड़ता। हमें इन चीजों को रोकना होगा। इसमें शामिल अपराधियों को फांसी होनी चाहिए।"
राज्य मंत्री एचके पाटिल ने कहा, "यह मेरे लिए एक खबर है, लेकिन मैं इसकी निंदा करता हूं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कर्नाटक में सख्त से सख्त कानून लागू करने की आवश्यकता है।"