Karnataka: निर्मला सीतारमण ने की कर्नाटक में निवेश की अपील, गिनाईं राज्य की कई खूबियां
मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई का हवाला देते हुए सीतारमण ने कहा कि शुरू में जब जीआईएम की योजना बनाई गई थी, तो राज्य सरकार की उम्मीदें और निवेश का लक्ष्य कहीं न कहीं 5 लाख करोड़ रुपये था।
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केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कर्नाटक में निवेश की वकालत करते हुए कहा कि राज्य कई क्षेत्रों में अग्रणी है और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए आकर्षक नीतियां हैं। कर्नाटक से राज्यसभा सदस्य केंद्रीय मंत्री सीतारमण ने कहा कि उद्योग की सुविधा में कर्नाटक और बेंगलुरु के रिकॉर्ड के कारण निवेशक राज्य में आने के इच्छुक हैं। सीतारमण ने 'इन्वेस्ट कर्नाटक' शीर्षक से तीन दिवसीय ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट के शुभारंभ पर सभा को संबोधित करते हुए कहा कि कर्नाटक कई क्षेत्रों में अग्रणी है। अक्षय ऊर्जा में पहला, विद्युत रखरखाव, नवाचार में पहला, लगभग सात से अधिक ऑटो ऑरिजिनल उपकरण निर्माताओं का घर है और 50 से अधिक ऑटो कंपोनेंट निर्माता यहां हैं।
सीतारमण ने कहा- बोम्मई के नेतृत्व वाली इस सरकार में निवेशकों को मिला भरोसा
वित्त मंत्री ने कहा कि कर्नाटक में होने वाली उद्योग परामर्श प्रक्रिया व्यापक है। मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई का हवाला देते हुए सीतारमण ने कहा कि शुरू में जब जीआईएम की योजना बनाई गई थी, तो राज्य सरकार की उम्मीदें और निवेश का लक्ष्य कहीं न कहीं 5 लाख करोड़ रुपये था। हालांकि, यह बढ़कर लगभग 7.5 लाख करोड़ रुपये हो गया, जिसमें से 2.8 करोड़ रुपये संबंधित प्रस्तावों को पहले ही मंजूरी दे दी गई है। सीतारमण ने कहा कि मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई के नेतृत्व वाली इस सरकार सक्रिय है और इससे निवेशकों को विश्वास मिलता है।
उन्होंने कहा कि ग्रीन हाइड्रोजन सहित सनराइज क्षेत्रों में समझौता ज्ञापन आ रहे हैं। राज्य सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि उद्योगों के लिए गलियारे बन रहे हैं और बंदरगाह जुड़े हुए हैं। राज्य की नई सूचना प्रौद्योगिकी नीति 2020-25 एक बड़ा कदम है क्योंकि यह छह समूहों में इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम-परिभाषित विनिर्माण और दूरसंचार सेवाओं को भी देखती है। इसके अलावा औद्योगिक क्लस्टर न केवल बेंगलुरु में बल्कि शहर के बाहर मंगलुरु, तुमकुरु, मैसूरु, हुबली, शिवमोगा और कलबुर्गी जैसे स्थानों में बनने जा रहे हैं।
सीतारमण ने कहा कि "एक जिला, एक उत्पाद' ऐसी चीज है जिसमें राज्य तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। भूमि सुधार हो रहे हैं। इसी तरह राज्य की अक्षय ऊर्जा नीति कुछ ऐसी है जो मुझे लगता है कि बहुत फायदेमंद है और इसके परिणामस्वरूप अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में भी बहुत सारे निवेश हो रहे हैं।